चंडीगढ़, एक सितंबर हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर, उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला और शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ की संभावना तलाशने के लिए समिति गठित करने के केंद्र सरकार के फैसले की शुक्रवार को सराहना की।
हालांकि इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) ने कहा कि इस मुद्दे पर स्पष्टता की जरूरत है।
खट्टर ने ‘एक राष्ट्र-एक चुनाव’ की अवधारणा का समर्थन करते हुए कहा कि इसके परिणामस्वरूप सरकारी खजाने में भारी बचत होगी और बार-बार चुनाव कराने में प्रशासनिक व अन्य सरकारी तंत्र के प्रयासों की जरूरत नहीं होगी।
एक आधिकारिक बयान के अनुसार, उन्होंने कहा, "एक राष्ट्र-एक चुनाव पहल के सफल कार्यान्वयन से भारत को पर्याप्त वित्तीय बचत, बेहतर प्रशासन, विकास कार्यों में तेजी समेत कई लाभ होंगे।”
जननायक जनता पार्टी (जजपा) के प्रमुख चौटाला ने गुरुग्राम में पत्रकारों से कहा, “यह अच्छी बात है, शुरुआत हो गई है। हम इसके पक्ष में हैं।”
कभी भाजपा के सहयोगी रहे अकाली दल ने कहा कि वह इस अवधारणा का समर्थन करता है।
बादल ने कहा, “मैं और मेरी पार्टी इसके पक्ष में हैं। हर दूसरे दिन कोई न कोई चुनाव होता रहता है। लोकसभा और विधानसभा चुनाव एक साथ होने चाहिए ताकि पांच साल तक कोई चुनाव नहीं हों। वरना किसी न किसी राज्य में चुनाव होते ही रहते हैं।”
इंडियन नेशनल लोकदल के हरियाणा प्रदेश अध्यक्ष नफी सिंह राठी ने कहा कि इस मुद्दे पर अभी बहुत स्पष्टता की जरूरत है।
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