देश की खबरें | गुरवाणी विवाद: एसजीपीसी प्रतिनिधिमंडल ने पंजाब के राज्यपाल से की मुलाकात

चंडीगढ़, 22 जून एसजीपीसी प्रमुख हरजिंदर सिंह धामी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने बृहस्पतिवार को पंजाब के राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित से मुलाकात की और उनसे राज्य विधानसभा द्वारा पारित सिख गुरुद्वारा (संशोधन) विधेयक, 2023 को रद्द करने की मांग की।

शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति (एसजीपीसी) प्रमुख ने दोहराया कि 1925 का अधिनियम एक केंद्रीय कानून है और इसमें केवल संसद द्वारा संशोधन किया जा सकता है।

वह इस मुद्दे पर पुरोहित से मुलाकात के बाद राजभवन के बाहर पत्रकारों से बात कर रहे थे।

पंजाब विधानसभा ने मंगलवार को गुरवाणी का ‘फ्री टू एयर’ (मुफ्त) प्रसारण सुनिश्चित करने वाला विधेयक पारित कर दिया। यह कदम भगवंत मान के नेतृत्व वाली आप सरकार द्वारा सोमवार को ब्रिटिश काल के सिख गुरुद्वारा अधिनियम, 1925 में संशोधन को मंजूरी देने के बाद आया है।

धामी ने कहा, “जो संशोधन वे लेकर आए हैं वह गैरकानूनी है।”

उन्होंने कहा, “हमने राज्यपाल को एक ज्ञापन दिया कि यह (1925 अधिनियम में कोई भी संशोधन लाना) संसद का विशेषाधिकार है और राज्य का इस पर अधिकार क्षेत्र नहीं है। राज्यपाल ने कहा कि वह संविधान के मुताबिक इसकी जांच करेंगे।”

एसजीपीसी प्रतिनिधिमंडल द्वारा राज्यपाल को सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया है कि “पंजाब में आम आदमी पार्टी के नेतृत्व वाली सरकार द्वारा सिख गुरुद्वारा अधिनियम, 1925 में किया गया हस्तक्षेप असंवैधानिक है, जिसकी अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।”

इसमें कहा गया है कि राज्यपाल से मुलाकात के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने उनसे सिख गुरुद्वारा (संशोधन) विधेयक, 2023 को “निष्प्रभावी” करने की मांग की।

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