जरुरी जानकारी | सरकार विदेशों से लौटने वाले नागरिकों के कौशल की जानकारी जुटायेगी

नयी दिल्ली, तीन जून सरकार ने बुधवार को कहा कि कोराना वायरस महामारी के कारण ‘वंदे भारत मिशन’ के तहत विदेशों से लाये जा रहे भारतीय नागरिकों के कौशल के बारे में जानकारी जुटाने के वास्ते एक नई पहल ‘स्वदेश’ शुरू की है।

स्वदेश पहल से तात्पर्य रोजगार समर्थन के लिये विदेशों से आये कुशल कामगारों की जानकारी जुटाने से है। इससे महामारी के कारण विदेशों से आने वाले कामगारों के कौशल का बेहतर उपयोग करना है।

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एक सरकारी विज्ञप्ति में कहा गया है कि भारत सरकार ने एक नई पहल स्‍वदेश (स्किल्ड वर्कर्स अराइवल डेटाबेस फॉर एम्प्लॉयमेंट सपोर्ट) शुरू की है। यह कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय, नागरिक उड्डयन मंत्रालय और विदेश मंत्रालय की संयुक्त पहल है।

इस तरह से जुटाई गई जानकारी को देश में नियोजन के उपयुक्त अवसरों के लिए कंपनियों के साथ साझा किया जाएगा। लौटने वाले नागरिकों को एक ऑनलाइन स्‍वदेस कौशल कार्ड भरना आवश्यक है। कार्ड राज्य सरकारों, उद्योग संघों और नियोक्ताओं सहित प्रमुख हितधारकों के साथ विचार-विमर्श के जरिये रोजगार के उपयुक्त अवसरों के साथ लौटने वाले नागरिकों को प्रदान करने के लिए एक रणनीतिक ढांचा प्रदान करेगा।

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केंद्रीय कौशल विकास और उद्यमिता मंत्री डा. महेन्‍द्र नाथ पांडे ने कहा, "ये परीक्षा की घड़ी है और यह महत्वपूर्ण है कि पूरा देश एक साथ आए और कोविड-19 महामारी के कारण अर्थव्‍यवस्‍था में आई गिरावट से उत्‍पन्‍न चुनौतियों से निपटने के लिए केन्‍द्र के प्रयासों में सहयोग करे। हमें खुशी है कि वंदे भारत मिशन के अंतर्गत विदेशों से लौटने वाले नागरिकों का कौशल मानचित्रण कराने के लिए हमने नागर विमानन मंत्रालय और विदेश मंत्रालय के साथ साझेदारी की है।’’

केन्‍द्रीय नागर विमानन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने इस मामले में कहा, “जब हमने वंदे भारत मिशन की शुरुआत की, तो हमने देखा कि हमारे बहुत से विदेशी कर्मचारी नौकरी के नुकसान के कारण भारत लौट रहे हैं, उनके पास अंतरराष्ट्रीय कौशल और अनुभव हैं जिसकी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों के लिए बहुत उपयोगिता है। हम इन श्रमिकों के डेटाबेस को इकट्ठा करने के लिए एक ऑनलाइन पोर्टल बनाने के लिए एमएसडीई तक पहुंचे।’’

विदेश मंत्री डॉ. सुब्रह्मण्यम जयशंकर ने टिप्पणी की, “नोवल कोरोना वायरस के अभूतपूर्व प्रसार के कारण वैश्विक आपातकाल के मद्देनजर, हम विदेश में फंसे अपने नागरिकों और नौकरियां खोने के कारण उत्‍पन्‍न चुनौतियों के लिए हर संभव सहायता प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम विभिन्न देशों में अपने दूतावासों/उच्चायोगों/वाणिज्य दूतावासों के माध्यम से स्वदेस कौशल कार्ड पहल को सक्रिय रूप से बढ़ावा देंगे। इस पहल से वापस लौटने वाले कार्य बल की उनके कौशल से मेल खाती हुई तैनाती में मदद मिलेगी। ”

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