नयी दिल्ली, 25 नवंबर दिल्ली की भाजपा शासित तीनों नगर निगमों ने बुधवार को आरोप लगाया कि शहर की आम आदमी पार्टी की सरकार कोरोना वायरस संक्रमण से होने वाली मौतों की संख्या को कम करके बता रही है। हालांकि सरकार ने इस दावे को खारिज करते हुए नगर निगमों पर मुद्दे का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया।
दिल्ली सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, शहर में 23 नवंबर तक कोविड-19 से 8,512 लोगों की मौत हुई है। वहीं नगर निगमों का दावा है कि उन्होंने अभी तक 10,318 लोगों का अंतिम संस्कार किया है।
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पूर्वी दिल्ली नगर निगम के मेयर निर्मल जैन ने कहा कि दिल्ली सरकार को स्पष्टीकरण देना चाहिए कि उसके द्वारा जारी आंकड़े नगर निगमों के आंकड़ों से कम कैसे हैं?
जैन ने कहा, ‘‘कोविड-19 से मरने वालों या उससे हुई संदिग्ध मौतों के मामले में प्रत्येक अंतिम संस्कार का पूर्वी दिल्ली नगर निगम ने पूरा-पूरा हिसाब रखा है, ऐसे में हमारी संख्या में गड़बड़ी की कोई गुंजाइश नहीं है।’’
वहीं आप के एक नेता का कहना है कि भाजपा शासित नगर निगम इस मुद्दे का ‘राजनीतिकरण’ कर रहे हैं। उन्होंने अपने स्पष्टीकरण में कहा कि दिल्ली से बाहर से आए जिन लोगों की कोविड-19 से मौत हुई है, उनका अंतिम संस्कार भी शहर में ही हुआ है, इसलिए संख्या में फर्क है। शहर के बाहर से आए कोविड-19 मरीजों की संख्या की गिनती उनके राज्यों द्वारा की जाती है।
नेता ने कहा, ‘‘भाजपा शासित नगर निगम मामले का राजनीतिकरण करना चाहते हैं। बड़ी बात यह है कि दूसरे राज्यों से बड़ी संख्या में मरीज दिल्ली आते हैं और उनका अंतिम संस्कार यहीं हो रहा है, लेकिन उनकी मृत्यु की गिनती उनके मूल राज्य द्वारा की जाती है।’’
नगर निगमों के कुछ वरिष्ठ नेताओं ने जून में भी दावा किया था कि उस वक्त तक राष्ट्रीय राजधानी में कोविड-19 से 2,000 से अधिक लोगों की मौत हुई है, जबकि सरकारी आंकड़ा 1,085 था।
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