जरुरी जानकारी | दस साल में प्रत्यक्ष कर संग्रह 182 प्रतिशत बढ़ा, 2023-24 में रहा 19.60 लाख करोड़ रुपये
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. देश का प्रत्यक्ष कर संग्रह पिछले वित्त वर्ष (2023-24) में 19.60 लाख करोड़ रुपये रहा है। इस तरह प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के 10 साल के कार्यकाल में प्रत्यक्ष कर संग्रह में 182 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
नयी दिल्ली, 17 अक्टूबर देश का प्रत्यक्ष कर संग्रह पिछले वित्त वर्ष (2023-24) में 19.60 लाख करोड़ रुपये रहा है। इस तरह प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के 10 साल के कार्यकाल में प्रत्यक्ष कर संग्रह में 182 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
आयकर विभाग द्वारा जारी नवीनतम ‘टाइम सीरीज डेटा’ से पता चला है कि कॉरपोरेट कर संग्रह 10 साल में दोगुना से अधिक होकर 2023-24 में 9.11 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया है। इस दौरान व्यक्तिगत आयकर संग्रह लगभग चार गुना होकर 10.45 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच गया है।
मोदी सरकार के पहले साल 2014-15 में प्रत्यक्ष कर संग्रह करीब 6.96 लाख करोड़ रुपये रहा था। इसमें करीब 4.29 लाख करोड़ रुपये कॉरपोरेट कर और 2.66 लाख करोड़ रुपये व्यक्तिगत आयकर शामिल था।
दाखिल किए गए आयकर रिटर्न (संशोधित रिटर्न सहित) की संख्या वित्त वर्ष 2014-15 के 4.04 करोड़ से बढ़कर 2023-24 में 8.61 करोड़ से अधिक हो गई।
प्रत्यक्ष कर-जीडीपी (सकल घरेलू उत्पाद) अनुपात 2014-15 के 5.55 प्रतिशत से बढ़कर 2023-24 में 6.64 प्रतिशत हो गया।
करदाताओं की संख्या आकलन वर्ष 2014-15 में 5.70 करोड़ थी जो बढ़कर आकलन वर्ष 2023-24 में 10.41 करोड़ हो गई।
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(The above story first appeared on LatestLY on Oct 17, 2024 04:32 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

