तिरुवनंतपुरम/पलक्कड़, 17 अक्टूबर केरल की पलक्कड़ विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए उम्मीदवार के चयन के फैसले को लेकर पार्टी नेतृत्व के खिलाफ आवाज उठाने वाले कांग्रेस के डिजिटल मीडिया संयोजक पी सरीन को बृहस्पतिवार को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित कर दिया गया।
केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी (केपीसीसी) ने यह निर्णय उसी समय लिया जब सरीन ने पलक्कड़ में एक पत्रकार वार्ता में वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) के साथ मिलकर आगे काम करने की अपनी मंशा जाहिर की थी।
सरीन ने पत्रकार वार्ता करते समय विपक्ष के नेता वी डी सतीशन, वडकारा के सांसद शफी परमबिल और पलक्कड़ उपचुनाव में कांग्रेस के उम्मीदवार राहुल ममकूटथिल सहित कांग्रेसी नेताओं पर आरोप लगाया। उसी समय केपीसीसी ने एक विज्ञप्ति जारी कर राज्य पार्टी प्रमुख के सुधाकरन द्वारा सरीन को पार्टी से निष्कासित करने के फैसले की घोषणा की।
केपीसीसी ने कहा कि यह कार्रवाई सरीन की पार्टी विरोधी गंभीर गतिविधियों और अनुशासनहीनता के कारण की गई है।
खबरों के अनुसार, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) उन्हें पलक्कड़ से वाम उम्मीदवार के तौर पर उतारने पर विचार कर सकती है। माकपा के जिला नेतृत्व ने कहा कि उम्मीदवार के बारे में फैसला पार्टी द्वारा ही किया जाएगा।
पत्रकार वार्ता के दौरान सरीन ने कहा, ‘‘मैं इस चुनाव में वाम दल के लिए काम करूंगा, हालांकि यह कार्य उम्मीदवार के तौर पर नहीं होगा।’’ सरीन ने सतीशन पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रति ‘‘नरम रुख’’ रखने का आरोप लगाया।
पलक्कड़ विधानसभा उपचुनाव के लिए युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष ममकूटथिल को उम्मीदवार बनाए जाने के बाद से पार्टी में असंतोष के स्वर उठने लगे।
कांग्रेस द्वारा ममकूटथिल की उम्मीदवारी की घोषणा के बाद, सरीन ने बुधवार को खुले तौर पर निर्णय के प्रति असंतोष व्यक्त किया था। पार्टी नेता शफी परमबिल के वडकारा सीट से लोकसभा के लिए निर्वाचित होने के बाद रिक्त हुई इस सीट के लिए चुनाव आवश्यक हो गया था।
निर्वाचन क्षेत्र के लिए कांग्रेस के उम्मीदवार के चयन पर पुनर्विचार की मांग करते हुए सरीन ने मीडिया से कहा था कि अगर पार्टी उन लोगों को नहीं सुधारती जो कुछ व्यक्तियों के हितों को पूरा करके इसे नियंत्रित करने की कोशिश कर रहे हैं, तो पलक्कड़ एक और हरियाणा बन सकता है।
सरीन पर पलटवार करते हुए विपक्ष के नेता सतीशन ने आरोप लगाया कि सरीन ने पलक्कड़ उम्मीदवार पर कांग्रेस के फैसले के खिलाफ विरोध जताने से पहले भाजपा और माकपा दोनों से चर्चा की थी।
सतीशन ने कहा, ‘‘जिसने भी सरीन का कल (बुधवार) का संवाददाता सम्मेलन देखा होगा, उसे समझ आ गया होगा कि कांग्रेस ने पलक्कड़ सीट के लिए उनके नाम पर विचार क्यों नहीं किया।’’
कांग्रेस-भाजपा के बीच सांठगांठ के सरीन के आरोपों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए माकपा के प्रदेश सचिव एम वी गोविंदन ने कहा कि वडकारा में लोकसभा चुनाव के दौरान राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और कांग्रेस के बीच साजिश का पार्टी का दावा अब सच साबित हो गया है।
माकपा ने पूर्व में आरोप लगाया था कि तत्कालीन विधायक शफी परमबिल को वडकारा संसदीय क्षेत्र से चुनाव लड़ाना आरएसएस से जुड़ी एक साजिश का हिस्सा था।
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