देश की खबरें | हिमाचल के कुल्लू में बादल फटने से घरों को नुकसान, पुल बहे

शिमला, 25 जुलाई हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले की गड़सा घाटी में मंगलवार सुबह बादल फटने से क्षेत्र के कुछ मकानों एवं कृषि भूमि को नुकसान पहुंचा और इलाके की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

अधिकारियों ने बताया कि दो पुल बह गए हैं और भुंतर-गड़सा सड़क कई स्थानों पर टूट गई है।

उन्होंने बताया कि राजस्व विभाग ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया।

कुल्लु के उपायुक्त आशुतोष गर्ग ने बताया कि गड़सा और कुरला पंचायत में पांच घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए जबकि 15 घरों को आंशिक रूप से नुकसान पहुंचा है।

अधिकारियों के मुताबिक, बादल फटने से इलाके में विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई है और कुछ सड़कें अवरुद्ध हो गई हैं।

उन्होंने बताया कि चंबा जिले की तिस्सा पंचायत के कशवार गांव में पानी के तेज बहाव से घरों और जमीन को नुकसान पहुंचने की सूचना मिली है।

राज्य आपदा प्रतिक्रिया केंद्र के अनुसार, मानसून की शुरुआत यानी 24 जून से 263 दुकानों और 2,037 गौशालाओं के अलावा 652 घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए।

स्थानीय मौसम विभाग कार्यालय ने 26 और 27 जुलाई को 12 में से आठ जिलों के अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने का ‘ऑरेंज’ अलर्ट जारी किया है।

मौसम कार्यालय ने 28 जुलाई को भारी बारिश के लिए येलो अलर्ट जारी किया है और राज्य में 31 जुलाई तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। कार्यालय ने चंबा, कांगड़ा, सिरमौर, शिमला, बिलासपुर, हमीरपुर, कुल्लू, मंडी और किन्नौर जिलों में अचानक बाढ़ के लिए मध्यम से अत्यधिक चेतावनी दी है।

राज्य आपदा प्रतिक्रिया केंद्र के मुताबिक, मानसून की शुरुआत से बारिश संबंधित हादसों और सड़क दुर्घटनाओं में 168 लोगों की मौत हुई है और राज्य को करीब 5,350 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। राज्य में वाहनों की आवाजाही के लिए करीब 566 सड़के बंद है।

दिन के दौरान, राज्य के कई हिस्सों में हल्की से भारी बारिश हुई जिसमें धर्मशाला में 85.5 मिलीमीटर(मिमी), पालमपुर में 56 मिलीमीटर, डलहौजी में 30 मिमी और साराहन में 25 मिमी बारिश हुई।

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