लखनऊ, 22 अक्टूबर उत्तर प्रदेश सरकार ने बृहस्पतिवार को एक वरिष्ठ होमगार्ड अधिकारी को भ्रष्टाचार के आरोप में बर्खास्त कर दिया है। यह 2019 में लखनऊ में जिला कमांडेट के पद पर तैनात थे।
इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भ्रष्टाचार के आरोप में बुलंदशहर में जिला कमाण्डेन्ट को नौकरी से बर्खास्त कर दिया था।
यह भी पढ़े | Kamal Nath ‘Item’ Row: कमलनाथ के ‘आइटम’ वाले बयान को लेकर मंच पर ही भावुक हो गई इमरती देवी (Watch Video).
मुख्यमंत्री कार्यालय ने ट्वीट किया है, ''मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने होमगार्ड स्वयंसेवकों के ड्यूटी निर्धारण में वित्तीय अनियमितता, कूटरचना और फर्जीवाड़ा करने के दोषी तत्कालीन जिला कमांडेट होमगार्डस, लखनऊ को सेवा से पदच्युत करने का आदेश दिया है।''
मुख्यमंत्री कार्यालय से मिली जानकारी के मुताबिक लखनऊ में तैनात होमगार्ड्स जिला कमाण्डेन्ट कृपा शंकर पाण्डेय ने फर्जी मस्टररोल तैयार कर अनियमितता करते हुए होमगार्ड जवानों की ड्यूटी लगाई और भुगतान भी कराया। मामले की शासन स्तर से हुई गहन जांच के बाद अब मुख्यमंत्री ने जिला कमाण्डेन्ट कृपा शंकर पांडेय को बर्खास्त करने का आदेश दिया है।
जांच में यह पाया गया कि अगस्त 2019 के मस्टररोल में जिस होमगार्ड की ड्यूटी गुडंबा थाने में लगाई गई थी, वह दरअसल जिला कमाण्डेन्ट के आवास पर ड्यूटी कर रहा था। इसी तरह अगस्त 2019 के मस्टररोल की जांच में पाया गया कि उस पर सभी 23 होमगार्ड जवानों का मोबाइल नम्बर अंकित नहीं है।
यही स्थिति गुडम्बा थाने के मस्टररोल में जुलाई 2019 की भी मिली। जुलाई तथा अगस्त 2019 के थाना गुडम्बा में फर्जी मानव दिवस दिखाकर सम्बन्धित के खातों में मिलीभगत करते हुए धनराशि हस्तान्तरित की गई। वहीं, थाना विभूति खण्ड में जुलाई एवं अगस्त 2018 तथा 2019 के मस्टररोल पर सम्बन्धित प्रभारी निरीक्षक/उपनिरीक्षक के हस्ताक्षर अंकित किये गये, उसे थाना स्तर से उनके हस्ताक्षर होना नहीं पाया गया और यह मस्टररोल भी फर्जी मिला।
जांच के दौरान करीब आधा दर्जन बार आरोपी अधिकारी से जवाब भी मांगा गया लेकिन कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। इन सब गड़बड़ियों की गहन जांच के बाद अब मुख्यमंत्री ने लखनऊ के तत्कालीन जिला कमाण्डेन्ट होमगार्ड्स कृपा शंकर पाण्डेय को सेवा से बर्खास्त करने का आदेश दिया है।
गौरतलब है कि इससे पहले गत 19 अक्टूबर को भी बुलंदशहर के होमगार्ड जिला कमांडेंट को रिश्वत लेने का दोष साबित होने पर मुख्यमंत्री के आदेश से बर्खास्त कर दिया गया था।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)













QuickLY