देश की खबरें | केंद्र ने न्यायालय से कहा :पानी, खाने की आपूर्ति नहीं होने से किसी प्रवासी श्रमिक की मौत नहीं हुयी
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. केंद्र ने शुक्रवार को उच्चतम न्यायालय से कहा कि पानी, भोजन और दवा की आपूर्ति नहीं होने के कारण किसी मजदूर की मौत नहीं हुयी है और ऐसी घटनाओं का कारण लोगों का पहले से बीमार होना है।
नयी दिल्ली, पांच जून केंद्र ने शुक्रवार को उच्चतम न्यायालय से कहा कि पानी, भोजन और दवा की आपूर्ति नहीं होने के कारण किसी मजदूर की मौत नहीं हुयी है और ऐसी घटनाओं का कारण लोगों का पहले से बीमार होना है।
सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि पूरा देश “मिलकर” काम कर रहा है और अदालत में दी गयी कई दलीलें जमीनी सच्चाई से संबंधित नहीं हैं।
सॉलिसिटर जनरल ने न्यायमूर्ति अशोक भूषण की अध्यक्षता वाली पीठ से कहा, ‘‘ पानी, भोजन या दवा की आपूर्ति नहीं होने के कारण कोई मौत नहीं हुई है। ये मौतें पहले से ही बीमार होने के कारण हुयी हैं।”
पीठ प्रवासी श्रमिकों की परेशानियों के संबंध में स्वत: संज्ञान लेते हुए एक याचिका पर सुनवाई कर रही थी।
यह भी पढ़े | उत्तर प्रदेश: एक साथ 25 स्कूलों में पढ़ाकर टीचर ने कमाए 1 करोड़ रुपये.
पीठ ने मामले में अपना फैसला सुरक्षित रख लिया।
पीठ ने कहा कि वह केंद्र और राज्य सरकारों को सभी इच्छुक प्रवासी श्रमिकों को मूल स्थानों पर भेजने के लिए 15 दिनों का समय देगी।
सॉलिसिटर जनरल का बयान इन आरोपों के मद्देनजर महत्वपूर्ण है कि श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में कई लोगों की मौत हो गई।
27 मई को खबर थी कि 48 घंटों के दौरान कम से कम नौ यात्रियों की ट्रेनों में मौत हो गयी। रेलवे ने कहा था कि वे सभी पहले से बीमार थे।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 05, 2020 11:46 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

