बीजिंग, चार मार्च ब्रिक्स देशों के बनाए गए नव विकास बैंक (एनडीबी) ने यूक्रेन संकट के बीच पैदा हुई अनिश्चितताओें और पाबंदियों का हवाला देते हुए रूस में सभी नए लेनदेन पर रोक लगा दी है।
एनडीबी ने बृहस्पतिवार को अपनी वेबसाइट पर जारी बयान में इसकी जानकारी देते हुए कहा कि मौजूदा हालात को देखते हुए रूस में नए लेनदेन को रोक दिया गया है। एनडीबी ने अपने परिचालन में पुख्ता बैंकिंग सिद्धांतों के अनुसरण का जिक्र करते हुए यह कदम उठाया है।
एनडीबी ने कहा, "बैंक एक अंतरराष्ट्रीय संस्था के तौर पर उच्चतम अनुपालन मानकों के अनुरूप पूरी शिद्दत से अपना कारोबार करना जारी रखेगा।"
बैंक का गठन ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका के समूह ब्रिक्स ने ढांचागत एवं टिकाऊ विकास परियोजनओं के लिए धन जुटाने के मकसद से किया था। यह बैंक ब्रिक्स देशों के साथ अन्य उभरते विकासशील अर्थव्यवस्थाओें के लिए भी वित्त मुहैया कराता है।
एक दिन पहले चीन स्थित एशियाई बुनियादी ढांचा निवेश बैंक (एआईआईबी) ने भी यूक्रेन संकट को देखते हुए रूस और उसके करीबी देश बेलारूस में अपनी सभी परियोजनाओं को रोकने की घोषणा की है।
भारतीय रिजर्व बैंक के पूर्व गवर्नर ऊर्जित पटेल एआईआईबी के उपाध्यक्ष (निवेश परिचालन) हैं जबकि इसके प्रमुख चीन के पूर्व वित्त मंत्री जिन लिकुन हैं। इसने रूस और बेलारूस में कई परियोजनाओं को वित्त मुहैया कराया हुआ है।
एआईआईबी ने अपने बयान में कहा है कि मौजूदा हालात में बैंक की वित्तीय शुद्धता को बनाए रखने के लिए रूस और बेलारूस से संबंधित सभी गतिविधियों को स्थगित करने के साथ ही इसकी समीक्षा का निर्णय लिया गया है।
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