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Black Hole : तेजी से आगे बढ़ता ‘ब्लैक होल’ अचानक हब्बल दूरबीन से देखा गया

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. अमेरिका के नेशनल एयरोनॉटिक्स एंड स्पेस एडमिनिस्ट्रेशन (नासा) के मुताबिक करीब दो करोड़ सूर्य के आकार वाले एक अत्यधिक विशालकाय ‘ब्लैक होल’ ने नये तारों की दो लाख प्रकाश वर्ष की दूरी जितना लंबा एक संघनित निशान छोड़ा है।

Black Hole : तेजी से आगे बढ़ता ‘ब्लैक होल’ अचानक हब्बल दूरबीन से देखा गया
Black Hole (Photo Credit: Pixabay)

नयी दिल्ली,सात: अप्रैल अमेरिका के नेशनल एयरोनॉटिक्स एंड स्पेस एडमिनिस्ट्रेशन (NASA) के मुताबिक करीब दो करोड़ सूर्य के आकार वाले एक अत्यधिक विशालकाय ‘ब्लैक होल’ ने नये तारों की दो लाख प्रकाश वर्ष की दूरी जितना लंबा एक संघनित निशान छोड़ा है.  यह भी पढ़ें : America Storm: अरकंसास में तूफान ने मचाई तबाही, कम से कम 24 लोग घायल, मकान क्षतिग्रस्त, कारें पलटीं

नासा के हब्बल स्पेस टेलीस्कोप (दूरबीन) द्वारा अचानक देखे गये ब्लैक होल को हमारे सौर मंडल के अंदर इतनी तीव्र गति से आगे बढ़ते देखे जा सकता है कि हमारे सौरमंडल में यह 14 मिनट में पृथ्वी से चंद्रमा तक की यात्रा कर सकता है.

अमेरिका के कनेक्टिकट में न्यू हैवन स्थित येल यूनिवर्सिटी के पीटर वैन डोकुम ने कहा, ‘‘हमें लगता है कि हम ब्लैक होल के पीछे-पीछे एक निशान देख रहे हैं, जहां गैस ठंडी अवस्था में है और यह तारे का निर्माण करने में सक्षम है.

इसलिए हम ब्लैक होल के पीछे-पीछे तारे का निर्माण होते देख रहे हैं.’’ डोकुम ने कहा, ‘‘हम जो कुछ भी देख रहे हैं वह परिणाम है. जैसा कि (समुद्र में) जहाज के गुजरने के बाद उसके पीछे के जल को देखते हैं, हम वैसी ही आकृति ब्लैक होल के पीछे देख रहे हैं.’’

शोधार्थियों ने द एस्ट्रोफिजिकल जर्नल लेटर्स में अपना अध्ययन प्रकाशित किया है. डोकुम ने कहा कि एक छोर पर ब्लैक होल है और दूसरे छोर पर इसकी मूल आकाशगंगा है. उन्हें लगता है कि गैस ब्लैक होल की गति के कारण गर्म हो रही है, या इसका कारण ब्लैक होल के चारों ओर मौजूद एक ‘डिस्क’ से हुआ विकिरण रहा होगा. उन्होंने कहा, ‘‘हमने ऐसा पहले कभी नहीं देखा था.’’

खगोलविदों को संदेह है कि यह घटनाक्रम अत्यधिक विशालकाय ब्लैक होल की कई टक्करों के परिणामस्वरूप हुआ होगा. उन्होंने कहा कि अगला कदम, ब्लैक होल के विस्तार की पुष्टि करने के लिए नासा के जेम्स वेब स्पेस टेलीस्कोप और चंद्र एक्सरे वेधशाला से इस घटनाक्रम पर नजर रखना होगा.

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(The above story first appeared on LatestLY on Apr 07, 2023 07:42 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).