Rajasthan: राजस्थान में भाजपा ने कर्मचारी की खुदकुशी को रीट पर्चा लीक प्रकरण से जोड़ा
राजस्थान के टोंक जिले के नगरफोर्ट थाना क्षेत्र में कर्ज से परेशान एक सरकारी कर्मचारी ने सोमवार रात कथित रूप से आत्महत्या कर ली. भाजपा ने कर्मचारी की आत्महत्या को राजस्थान अध्यापक भर्ती पात्रता परीक्षा (रीट) से जोड़ा है. पुलिस ने बताया कि रानीपुरा निवासी लोकेश मीणा (27) ने रस्सी के फंदे से लटककर जान दे दी. उसने रस्सी को छत के हुक से फंसाया था.
जयपुर, 9 फरवरी : राजस्थान के टोंक जिले के नगरफोर्ट थाना क्षेत्र में कर्ज से परेशान एक सरकारी कर्मचारी ने सोमवार रात कथित रूप से आत्महत्या कर ली. भाजपा ने कर्मचारी की आत्महत्या को राजस्थान अध्यापक भर्ती पात्रता परीक्षा (रीट) से जोड़ा है. पुलिस ने बताया कि रानीपुरा निवासी लोकेश मीणा (27) ने रस्सी के फंदे से लटककर जान दे दी. उसने रस्सी को छत के हुक से फंसाया था. विधानसभा में प्रतिपक्ष के उपनेता राजेंद्र राठौड ने दावा किया कि सत्ता के संरक्षण में रीट पेपर लीक प्रकरण में व्यापक स्तर हुए भ्रष्टाचार ने टोंक निवासी लोकेश मीणा की जान ले ली है जिसकी दोषी सिर्फ गहलोत सरकार है. सुसाइड नोट में मृतक युवक ने बाड़मेर और जयपुर के दो बड़े पेपर माफिया से 40 लाख रुपये में प्रश्न पत्र खरीदने की बात कही है. जबकि पुलिस ने वित्तीय लेनदेन का ब्यौरा देने से इनकार करते हुए कहा कि सभी कारणों की जांच चल रही है.
पुलिस ने बताया कि जान देने वाला कर्मचारी सार्वजनिक निर्माण विभाग बूंदी के नैनवां में कनिष्ठ सहायक के पद पर कार्यरत था और दो साल से हिण्डौली में प्रतिनियुक्ति पर था. इस संबंध में मृतक के पिता की ओर 11 लोगो के खिलाफ मामला दर्ज करवाया गया है. दर्ज शिकायत के आधार पर नामजद लोगो के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 306,384,420, 406,120 बी एवं 3(2)(5) एससी एसटी (पीए) अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच की जा रही है. राठौड ने ट्वीट किया कि ‘‘मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कल ही रीट लेवल-2 की परीक्षा रद्द की है. इससे लाखों रुपये में पेपर खरीदने वाले युवा खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं. ना जाने अभी कितने और युवा ऐसा कदम उठाने को मजबूर होंगे.’’ टोंक पुलिस अधीक्षक मनीष त्रिपाठी ने कहा कि मृतक के पिता द्वारा दर्ज कराई गई प्राथमिकी में रीट के पेपर का कोई जिक्र नहीं हैं. उन्होंने कहा कि जांच सभी दिशाओं में चल रही है. राज्य सरकार ने सोमवार को रीट पेपर लीक मामला सामने आने के बाद पिछले साल सितंबर में आयोजित रीट लेवल दो परीक्षा को रद्द करने की घोषणा की थी. यह भी पढ़ें : हजारीबाग में मूर्ति विसर्जन के दौरान किशोर की हत्या के बाद ठप इंटरनेट सेवा बहाल
राजस्थान पुलिस के विशेष दल एसओजी द्वारा मामले की जांच की जा रही है. एसओजी ने इस मामलें में कई लोगो को गिरफ्तार किया है. विपक्षी दल भाजपा ने राज्य में एक मंत्री और कुछ नौकरशाहों पर पर्चा लीक में शामिल होने का आरोप लगाते हुए इस मामले में सीबीआई जांच की मांग की है. भाजपा बुधवार से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र में रीट पेपर लीक का मुद्दा भी उठाएगी. अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुभाष चंद्र ने गोपनीय जानकारी के आधार पर बताया कि रुपयों के लेन देन को लेकर कर्मी काफी मानसिक दबाव में था. उन्होंने कहा कि विभिन्न पहलुओं की जांच, सुसाइड नोट और पूछताछ के बाद पूरे मामले का खुलासा होगा. आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस की पांच अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं. उन्होंने बताया कि एक आरोपी को हिरासत में लिया गया है, शेष की तलाश जारी है.
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 09, 2022 01:27 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

