कोलकाता, 22 जून कलकत्ता उच्च न्यायालय के निर्देश पर पश्चिम बंगाल राज्य निर्वाचन आयोग (एसईसी) ने पंचायत चुनावों में तैनाती के लिए बृहस्पतिवार को गृह मंत्रालय से केंद्रीय बलों की 800 कंपनियों की मांग की। एक अधिकारी ने यहां यह जानकारी दी।
राज्य निर्वाचन आयुक्त राजीव सिन्हा ने केंद्र को एक पत्र लिखकर पंचायत चुनावों में तैनाती के लिए बलों की मांग की। केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) की एक कंपनी में करीब एक सौ कर्मचारी होते हैं।
उच्च न्यायालय ने बुधवार को एक अवमानना याचिका पर सुनवाई करते हुए एसईसी को 24 घंटे के भीतर केंद्रीय बलों के 82,000 से अधिक जवानों की मांग करने का निर्देश दिया था।
अदालत ने कहा था कि आठ जुलाई को होने वाले पंचायत चुनावों के लिए एसईसी ने केंद्रीय बलों की सिर्फ 22 कंपनियों की मांग की है, जो राज्य में 2013 के पंचायत चुनावों के दौरान लगाये गये 82,000 केंद्रीय पुलिसकर्मियों का एक छोटा अंश है।
अदालत ने इस बात का भी संज्ञान लिया कि 2013 में पश्चिम बंगाल में जिलों की संख्या 17 थी, जो बढ़कर 22 हो गई है, और इन 10 वर्षों में मतदाताओं की संख्या में भी वृद्धि हुई है। अदालत ने एसईसी को निर्देश दिया कि वह 24 घंटे में केंद्रीय बलों के 82,000 से अधिक जवानों की मांग करे।
अदालत ने यह भी कहा था, "अगर (निर्वाचन) आयुक्त के लिए आदेश पर अमल करना बहुत मुश्किल है, तो वह पद छोड़ सकते हैं।’’
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