एजेंसी न्यूज

Gyanvapi Case: क्या अदालत के फैसले हमेशा सही होते हैं, ज्ञानवापी फैसले पर सपा नेता रामगोपाल यादव

समाजवादी पार्टी (सपा) के नेता रामगोपाल यादव ने ज्ञानवापी मामले में तहखाने में पूजा की इजाजत देने वाले फैसले पर टिप्पणी करते हुए शुक्रवार को दावा किया कि कई मौकों पर अदालतें सही फैसला नहीं सुनाती हैं.

Gyanvapi Case: क्या अदालत के फैसले हमेशा सही होते हैं, ज्ञानवापी फैसले पर सपा नेता रामगोपाल यादव
(Photo Credit : Twitter)

नयी दिल्ली,2 फरवरी: समाजवादी पार्टी (सपा) के नेता रामगोपाल यादव ने ज्ञानवापी मामले में तहखाने में पूजा की इजाजत देने वाले फैसले पर टिप्पणी करते हुए शुक्रवार को दावा किया कि कई मौकों पर अदालतें सही फैसला नहीं सुनाती हैं.

वाराणसी की जिला अदालत ने बुधवार को मस्जिद के दक्षिणी तहखाने में पूजा-अर्चना को फिर से शुरू करने की अनुमति दे दी। यह प्रथा तीन दशक पहले बंद कर दी गई थी.

फैसले के संबंध में सवालों पर यादव ने कहा, ‘‘अदालत के आदेशों का हमेशा विरोध होता है। क्या अदालत के फैसले हमेशा सही होते हैं?’’ अदालतें कई मौकों पर सही फैसला नहीं सुनाती हैं, इस टिप्पणी पर स्पष्टीकरण के लिए जोर दिए जाने पर राज्यसभा सदस्य ने कहा, ‘‘कई मौकों पर ऐसा नहीं होता है. सब कुछ बिल्कुल सही नहीं होता. हर फैसला-एक पक्ष के लिए सही होता है, दूसरे पक्ष के लिए गलत.’’

संसद भवन परिसर में एक अन्य सवाल के जवाब में यादव ने कहा कि ज्ञानवापी पर फैसला आखिरकार उच्चतम न्यायालय करेगा. उन्होंने परोक्ष रूप से राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद फैसले का संदर्भ देते हुए कहा, ‘‘आप जानते हैं कि एक फैसला आया, वह राज्यसभा में आये, दूसरा आयोग का अध्यक्ष बनेगा. ऐसा ही होता है.’’

वाराणसी की अदालत के फैसले के कुछ घंटे बाद बुधवार रात तहखाने में नमाज अदा की गई. ज्ञानवापी मस्जिद प्रबंधन समिति ने बृहस्पतिवार को जिला अदालत के आदेश को चुनौती देते हुए तत्काल सुनवाई की मांग करते हुए उच्चतम न्यायालय का रुख किया. लेकिन शीर्ष अदालत ने समिति को इलाहाबाद उच्च न्यायालय जाने के लिए कहा.

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 02, 2024 06:20 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).