जरुरी जानकारी | विमानपत्तन प्राधिकरण की 100 हवाईअड्डे, जलीय हवाईअड्डे, हेलीपोर्ट स्थापित करने की योजना

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नयी दिल्ली, 21 अक्टूबर भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई) की योजना देशभर में 2024 तक 100 हवाईअड्डे, जलीय हवाईअड्डे (वाटरड्रोम्स) और हेलीपोर्ट बनाने की है। इनका विकास क्षेत्रीय हवाई संपर्क ‘उड़ान’ योजना के तहत किया जाएगा।

एक आधिकारिक विज्ञप्ति में बुधवार को यह जानकारी दी गयी। बुधवार उड़ान (उड़े देश का आम नागरिक) योजना की चौथी वर्षगांठ मनायी गयी।

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उड़ान योजना का मकसद क्षेत्रीय हवाई मार्गों पर ग्राहकों को सस्ती विमान सेवा उपलब्ध कराना, साथ ही विमानन कंपनियों के लिए इसे आर्थिक रूप से व्यावहारिक बनाए रखना है।

विज्ञप्ति के अनुसार, ‘‘ उड़ान योजना को लागू करने की जिम्मेदारी एएआई की है। इसके लिए एएआई की देशभर में 2024 तक कम से कम 100 हवाईअड्डे या जलीय हवाईअड्डे या हेलीपोर्ट (हेलीकॉप्टर के अड्डे) बनाने की महत्वाकांक्षी योजना है।’’

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बयान के मुताबिक उड़ान योजना के तहत 50 कम सेवा या गैर सेवा वाले हवाईअड्डों का विकास किया जाएगा, इसमें पांच हेलीपोर्ट भी शामिल हैं। यह हवाईअड्डे देशभर में 285 वायुमार्गों पर हवाई सेवाएं देंगे।

नागर विमानन सचिव प्रदीप सिंह खरोला ने उड़ान दिवस के मौके पर कहा कि सभी हितधारकों को इस योजना को खुद में व्यावहारिक बनाने की दिशा में काम करना चाहिए। साथ ही इसकी क्षमता बढ़ाने पर भी गौर करना चाहिए।

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