एएफआई ने अभ्यास शिविर में खिलाड़ियों को हाथ मिलाने, गले मिलने और थूकने पर रोक लगाई
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नयी दिल्ली, 19 मई भारतीय एथलेटिक्स महासंघ (एएफआई) ने खिलाड़ियों के लिए कड़ा दिशानिर्देश जारी करते हुए कहा कि उन्हें प्रतियोगिता या अभ्यास के दौरान हाथ मिलाने, गले मिलने और थूकने पर रोक रहेगी। इसके साथ ही खिलाड़ियों को लॉकडाउन के दौरान सैलून जाने की भी इजाजत नहीं होगी।

देश में लागू लॉकडाउन की अवधि को चौथी बार 31 मई तक बढ़ाए जाने के बाद सरकार से खेल परिसरों और स्टेडियमों को खिलाड़ियों के लिए खोलने की अनुमति दी।

खेल मंत्रालय से मंजूरी मिलने के बाद खेल परिसर और स्टेडियमों में अभ्यास की अनुमति मिल गयी। इसके बाद एएफआई ने मंगलवार को प्रशिक्षण के लिए मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी की।

एएफआई से जारी दिशानिर्देशों के मुताबिक एथलीटों को सख्त सामाजिक दूरी के साथ अभ्यास करने के अलावा सरकार द्वारा जारी किए गए अतिरिक्त मानदंडों का पालन करने का निर्देश दिया जाता है।

एसओपी के मुताबिक छींकने, खाँसी, साँस लेने में कठिनाई, थकान की लक्षण वाले खिलाड़ी के अभ्यास पर रोक रहेगा।

दस्तावेज में कहा गया है, ‘‘ किसी भी खिलाड़ी या कोचिंग स्टाफ के सदस्य से हाथ ना मिलाए , ना ही उनसे गले मिले। खांसते या छींकते समय नाक और मुंह को ढक कर रखे। परिसर के अंदर कही भी ना थूकें।’’

अगर किसी खिलाड़ी में बीमारी के लक्षण मिलते है तो इस बारे में संबंधित एथलीट को मुख्य / उप मुख्य कोच या हाई परफोर्मेंस निदेशक को तुरंत खबर करना चाहिए।

दस्तावेज में खिलाड़ियों को हर समय सरकार के निर्देश के मुताबिक समाजिक दूरी का ख्याल रखने को कहा गया है।

खिलाड़ियों के उपकरणों के सुरक्षित उपयोग के बारे में दस्तावेज़ ने कहा गया है, ‘‘उपयोग करने से पहले और बाद में सभी को अपने उपकरणों को सैनेटाइज करना होगा। उदाहरण के लिए भाला और चक्का फेंक के खिलाड़ियों को अपने उपकरण पर प्रशिक्षण के समापन के बाद कीटाणुनाशक का छिड़काव करना होगा।’’

जहां जरूरी हो वहा खिलाड़ियों को हाथ में दस्ताना पहनना होगा।

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