देश की खबरें | सौमित्र चटर्जी, अडूर गोपालकृष्णन समेत 500 हस्तियों ने केंद्र को पत्र लिखकर कार्यकर्ताओं की जमानत की मांग की
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कोलकाता, 19 जून फिल्मी शख्सियतों सौमित्र चटर्जी, अडूर गोपालकृष्णन और अपर्णा सेन समेत 500 प्रसिद्ध लोगों ने केंद्र को एक खुला पत्र लिखकर वरवरा राव और सफूरा जरगर जैसे मानवाधिकार कार्यकर्ताओं को ऐसे वक्त में जबकि देश में महामारी का प्रकोप फैल रहा है, तत्काल जमानत पर छोड़ने की मांग की है।

पत्र में लिखा गया है कि वामपंथी विचार वाले कवि लेखक वरवरा राव के साथ सुधा भारद्वाज, शोमा सेन, आनंद तेलतुंबडे, गौतम नवलखा, अरुण फरीरा, वी गोंजाल्विस, सुरेंद्र गाडलिंग, महेश राउत, सुधीर धवले और रोना विल्सन जेल में हैं।

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इंडियन कल्चरल फोरम की ओर से 16 जून को जारी पत्र में कहा गया है, ‘‘महाराष्ट्र की जेलों में जहां उन्हें रखा गया है, कुछ कैदियों की कोविड-19 से मौत हो चुकी है और अन्य कई संक्रमित मिले हैं।’’

पत्र में जामिया मिलिया इस्लामिया की छात्रा सफूरा जरगर और असम के मानवाधिकार कार्यकर्ता अखिल गोगोई को जमानत पर रिहा नहीं किये जाने पर भी निराशा प्रकट की गयी है।

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पत्र पर नसीरूद्दीन शाह, शबाना आजमी, नंदिता दास, अमोल पालेकर, ओनिर, अनुराग कश्यप आदि के भी दस्तखत हैं।

पत्र में कहा गया है, ‘‘हमें पता चला है कि 80 वर्षीय वरवरा राव बीमार हैं और उन्हें एक पुलिस अस्पताल में रखा गया है।’’

बांग्ला फिल्मों के प्रसिद्ध अभिनेता धृतिमान चटर्जी ने ‘पीटीआई-’ को बताया, ‘‘मुझ समेत पश्चिम बंगाल के अनेक लोगों ने पत्र पर हस्ताक्षर किये हैं। हमारी मांग है कि स्वतंत्रता का हनन नहीं किया जाए और लोकतंत्र का गला नहीं घोटा जाए।’’

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