2019 रहा यूरोप के लिए सबसे गर्म साल: यूरोपीय संघ
रिपोर्ट में कहा गया है कि 19वीं सदी के उत्तरार्ध के मुकाबले पिछले पांच साल के दौरान तापमान में 2सी उष्णता रही।
उपग्रह के माध्यम से सतह की निगरानी करने वाली यूरोपीय संघ की ‘कॉपरनिकस क्लाइमेट चेंज सर्विस’ (सी3एस) ने यह बात अपनी वार्षिक रिपोर्ट में कही है। इसमें कहा गया है कि महाद्वीप के 12 सबसे गर्म वर्षों में से 11 वर्ष, साल 2000 के बाद से ही रहे हैं क्योंकि ग्रीनहाउस गैसों के उत्सर्जन में लगातार वृद्धि हो रही है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि 19वीं सदी के उत्तरार्ध के मुकाबले पिछले पांच साल के दौरान तापमान में 2सी उष्णता रही।
इसमें कहा गया है कि गर्मी और लू ने समूचे दक्षिणी यूरोप में सूखे की स्थिति में वृद्धि की, जबकि आर्कटिक के क्षेत्र किसी औसत वर्ष के मुकाबले लगभग एक डिग्री सेल्सियस अधिक गर्म रहे।
वैश्विक स्तर पर वर्ष 2019, वर्ष 2016 के बाद दूसरा सबसे गर्म वर्ष रहा जब अल नीनो संबंधी घटनाक्रम हुआ।
सी3एस के निदेशक कार्लो ब्योनटेम्पो ने कहा कि यद्यपि 2019 रिकॉर्ड के लिहाज से यूरोप में सबसे गर्म वर्ष रहा, लेकिन महाद्वीप के दीर्घकालिक गर्मी घटनाक्रम पर ध्यान देना महत्वपूर्ण है।
एपी
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(The above story first appeared on LatestLY on Apr 22, 2020 06:14 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

