Nepal Bus Accident: नेपाल में भीषण सड़क हादसा, यात्रियों से भरी बस नदी में गिरी, 6 महिलाओं समेत 17 की मौत; दिल दहला देने वाला VIDEO आया सामने
नेपाल में काठमांडू जा रही एक यात्री बस के नदी में गिरने से भीषण सड़क हादसा हुआ है. इस दुर्घटना में 6 महिलाओं सहित 17 लोगों की जान चली गई है और कई अन्य घायल हैं.
Nepal Bus Accident: नेपाल में एक बार फिर दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है. काठमांडू की ओर जा रही एक यात्री बस अनियंत्रित होकर गहरी नदी में गिर गई. इस दुखद घटना में अब तक 17 लोगों के मारे जाने की पुष्टि हुई है, जिनमें 6 महिलाएं भी शामिल हैं. राहत और बचाव कार्य जारी है, लेकिन कठिन भौगोलिक स्थिति के कारण टीम को चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है.
कैसे हुआ हादसा?
मिली जानकारी के अनुसार, यात्रियों से खचाखच भरी यह बस अपने गंतव्य की ओर जा रही थी, तभी अचानक चालक ने वाहन पर से नियंत्रण खो दिया. प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि ढलान वाली सड़क पर बस असंतुलित होकर सीधे नीचे बह रही नदी में जा गिरी. दुर्घटना के वक्त बस में क्षमता से अधिक यात्री सवार होने की भी आशंका जताई जा रही है. यह भी पढ़े: Nepal Bus Accident: नेपाल में बस दुर्घटना में मारे गए 27 लोगों का पोस्टमार्टम जारी- खबर
नेपाल में भीषण सड़क हादसा
बचाव कार्य और हताहतों का विवरण
स्थानीय प्रशासन और नेपाल पुलिस ने सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर बचाव अभियान शुरू किया.
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स्थानीय गोताखोरों और सुरक्षा बलों की मदद से शवों को नदी से बाहर निकाला गया.
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अब तक कुल 17 शव बरामद किए जा चुके हैं.
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मृतकों में 6 महिलाएं भी शामिल हैं.
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गंभीर रूप से घायल यात्रियों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां कुछ की हालत अभी भी नाजुक बनी हुई है.
खराब बुनियादी ढांचा और सुरक्षा पर सवाल
नेपाल में पहाड़ी रास्तों पर सड़क दुर्घटनाएं एक गंभीर समस्या बनी हुई हैं. विशेषज्ञों का मानना है कि सड़कों की खराब स्थिति, पुराने वाहनों का उपयोग और तीखे मोड़ों पर सुरक्षा घेरों (barriers) की कमी अक्सर ऐसे हादसों का कारण बनती है. मानसून के बाद अक्सर मिट्टी धंसने और सड़कों के फिसलन भरे होने से जोखिम और भी बढ़ जाता है.
प्रशासन की कार्रवाई
नेपाल सरकार ने घटना पर शोक व्यक्त करते हुए मामले की जांच के आदेश दिए हैं. पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या हादसा तकनीकी खराबी के कारण हुआ या इसके पीछे मानवीय चूक (तेज रफ्तार या ओवरलोडिंग) जिम्मेदार थी. मृतकों के परिवारों की पहचान करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है.