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भारत के पास 30 मिलियन से ज्यादा महिला-स्वामित्व वाले नए उद्यम स्थापित करने की क्षमता: रिपोर्ट

भारत में 30 मिलियन से ज्यादा महिला-स्वामित्व वाले नए उद्यम स्थापित किए जा सकते हैं. ये दावा उद्यमिता को लेकर सामने आई एक रिपोर्ट करती है. उद्यमशीलता का लोकतंत्रीकरण - नाम से कंसल्टिंग फर्म केपीएमजी की एक लेटेस्ट रिपोर्ट में कहा गया है कि महिला-स्वामित्व वाले नए उद्यमों से देश में 150 से 170 मिलियन अधिक नौकरियां पैदा हो सकती हैं.

भारत के पास 30 मिलियन से ज्यादा महिला-स्वामित्व वाले नए उद्यम स्थापित करने की क्षमता: रिपोर्ट
(Photo : AI)

नई दिल्ली, 11 दिसंबर : भारत में 30 मिलियन से ज्यादा महिला-स्वामित्व वाले नए उद्यम स्थापित किए जा सकते हैं. ये दावा उद्यमिता को लेकर सामने आई एक रिपोर्ट करती है. उद्यमशीलता का लोकतंत्रीकरण - नाम से कंसल्टिंग फर्म केपीएमजी की एक लेटेस्ट रिपोर्ट में कहा गया है कि महिला-स्वामित्व वाले नए उद्यमों से देश में 150 से 170 मिलियन अधिक नौकरियां पैदा हो सकती हैं.

रिपोर्ट में कहा गया है कि महिलाओं के नेतृत्व वाले उद्यमों में निवेश से कई गुना ज्यादा लाभ मिल सकता है, क्योंकि उनके दोबारा निवेश करने की संभावनाएं बढ़ जाती हैं. इसके अलावा, भारत में महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप में वेंचर कैपिटल फंडिंग को बढ़ावा देने से लैंगिक समानता बढ़ सकती है. यह महिला संस्थापकों को अपने व्यवसाय को बढ़ाने, नौकरियां पैदा करने और बड़े पैमाने पर अर्थव्यवस्था में योगदान करने में भी सक्षम बना सकता है. यह भी पढ़ें : डेवलपर्स से झूठ बोलते हुए पकड़ा गया ChatGPT! बंद होने से बचने के लिए नए AI मॉडल ने अपनाई चालाकी

बेंगलुरू में टीआईई ग्लोबल समिट 2024 में केपीएमजी के क्लाइंट और मार्केट पार्टनर अखिलेश टुटेजा ने कहा, "भारत के 20 प्रतिशत से ज्यादा एमएसएमई स्टार्टअप महिलाओं के नेतृत्व वाले उद्यम हैं और इनमें से 45 प्रतिशत टियर II और III शहरों से आए हैं." इस बीच, वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, सरकार द्वारा समर्थित 1,52,139 स्टार्टअप में से लगभग आधे में अब कम से कम एक महिला निदेशक (लगभग 73,151 स्टार्टअप) हैं. यह देश में नवाचार और आर्थिक विकास को आगे बढ़ाने में महिलाओं के महत्व को दर्शाता है.

सरकार ने महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए कई प्रमुख योजनाएं भी लागू की हैं. इनमें वैकल्पिक निवेश कोष (एआईएफ) के माध्यम से 149 महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप में निवेश किए गए लगभग 3,107 करोड़ रुपये शामिल हैं. स्टार्टअप इंडिया सीड फंड स्कीम ने अप्रैल 2021 में अपनी शुरुआत के बाद से 1,278 महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप के लिए 227.12 करोड़ रुपये के फंड को मंजूरी दी है.

मंत्रालय ने कहा कि स्टार्टअप के लिए क्रेडिट गारंटी योजना ने महिलाओं के नेतृत्व वाले उद्यमों के लिए 24.6 करोड़ रुपये के ऋण की गारंटी दी है. विशेष रूप से, 2016 में शुरू की गई स्टार्टअप इंडिया पहल भी देश में उद्यमिता को बढ़ावा देने में एक गेम-चेंजर रही है. भारत के टेक इकोसिस्टम में 600 से अधिक जिलों में महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप तेजी से आगे बढ़ रहे हैं. इन जिलों में आधे से अधिक स्टार्टअप महिलाओं के नेतृत्व में चल रहे हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Dec 11, 2024 02:32 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).