भारत के इस पूर्व दिग्गज बल्लेबाज का इतने सालों बाद छलका दर्द, कहा- टेस्ट में 12वां खिलाड़ी बनकर रह गया
बाएं हाथ के बल्लेबाज और भारतीय क्रिकेट में क्रिकेट की गेंद के सबसे साफ हिटर में से युवराज एक ने नौ साल की अवधि में 40 टेस्ट खेले. सीमित ओवरों के क्रिकेट में अपने कारनामों के लिए अधिक जाने जाने वाले, युवराज ने एक प्रारूप में 33.92 की औसत से 1900 टेस्ट रन बनाए. उन्होंने तीन शतक और 11 अर्धशतक बनाए.
नई दिल्ली:भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व बल्लेबाज युवराज सिंह (Yuvraj Singh) ने उन्हें नजरअंदाज करने और नियमित रूप से टेस्ट क्रिकेट खेलने का मौका नहीं देने के लिए अपने समय के टीम प्रबंधन पर की आलोचना की है. युवराज सिंह ने एक क्रिकेट वेबसाइट द्वारा पोस्ट किए गए एक ट्वीट के जवाब में ट्वीट किया, शायद अगले जन्म में! मैं 7 साल के लिए 12वां आदमी नहीं था. Road Safety World Series 2021: रोड सेफ्टी वर्ल्ड सीरीज में Yuvraj Singh का धमाका, लगाए लगातार 4 छक्के, देखें वीडियो
वेबसाइट ने अपने फालोअर्स से पूछा था कि वे उस खिलाड़ी का नाम बताएं, जो उनकी नजर में और अधिक टेस्ट मैच खेल सकता था. इसके जवाब में फालोअर्स ने युवराज का नाम लिया था.
बाएं हाथ के बल्लेबाज और भारतीय क्रिकेट में क्रिकेट की गेंद के सबसे साफ हिटर में से युवराज एक ने 9 साल की अवधि में 40 टेस्ट खेले. सीमित ओवरों के क्रिकेट में अपने कारनामों के लिए अधिक जाने जाने वाले, युवराज ने एक प्रारूप में 33.92 की औसत से 1900 टेस्ट रन बनाए. उन्होंने तीन शतक और 11 अर्धशतक बनाए.
युवराज सिंह को अगर ज्यादा मौके दिए जाते तो ये आंकड़ा कुछ अलग हो सकता था. युवी ज्यादा टेस्ट क्रिकेट नहीं खेल पाए और इसे लेकर उनके मन में कुछ कड़वाहट तो है जो उनके एक सवाल के जवाब के माध्यम से सामने आया है. युवी ने साल 2019 में इंटरनेशनल क्रिकेट करियर से संन्यास लिया था. युवराज ने 2007 टी20 वर्ल्ड कप और 2011 वनडे वर्ल्ड कप खिताब दिलाने में टीम इंडिया के लिए बड़ी भूमिका निभाई थी.