Mumbai Water Tanker Strike: मुंबई में बढ़ सकती है पानी की किल्लत! BMC के नए नियमों के खिलाफ वाटर टैंकर एसोसिएशन का 10 अप्रैल से हड़ताल पर जाने का ऐलान
मुंबई नगर निगम (BMC) ने केंद्रीय भूजल प्राधिकरण से संबंधित नए नियम लागू किए हैं, जिनके खिलाफ मुंबई वाटर टैंकर एसोसिएशन ने 10 अप्रैल से हड़ताल पर जाने की धमकी दी है.
Mumbai Water Tanker Strike: मुंबई में भीषण गर्मी के बीच पानी का संकट पैदा हो सकता है, क्योंकि मुंबई को पानी आपूर्ति करने वाले जलाशयों में केवल 33 फीसदी पानी बचा हुआ है. मुंबईवासियों के सामने पानी के संकट के बीच एक नई मुसीबत मंडराने लगी है. दरअसल, मुंबई नगर निगम (BMC) ने केंद्रीय भूजल प्राधिकरण से संबंधित नए नियम लागू किए हैं, जिनके खिलाफ मुंबई वाटर टैंकर एसोसिएशन ने 10 अप्रैल से हड़ताल पर जाने की धमकी दी है. ऐसे में यदि टैंकर चालक हड़ताल पर जाते हैं, तो मुंबईवासियों को पानी की किल्लत को लेकर और परेशानी बढ़ सकती है, क्योंकि मुंबई के कई इलाकों में पानी की आपूर्ति पानी के टैंकरों से की जाती है.
क्या हैं BMC के नए नियम?
BMC द्वारा जारी किए गए नए नियमों के तहत, मुंबई में कुएं और बोरवेल के मालिकों को केंद्रीय भूजल प्राधिकरण (CGWA) से अनिवार्य रूप से अनुमति प्राप्त करनी होगी. यदि उन्हें यह अनुमति नहीं मिलती है, तो उनकी पानी की आपूर्ति बंद कर दी जाएगी. इस नए नियम के कारण टैंकर एसोसिएशन का कहना है कि कई बोरवेल मालिकों के पास यह अनुमति नहीं है, और यही कारण है कि उन्होंने हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया है. यह भी पढ़े: Mumbai Water Cut: मुंबईकर ध्यान दें! भांडुप, कुर्ला, अंधेरी, सहित इन इलाकों में कल भी नहीं आएगा पानी, संभलकर करें खर्च
हड़ताल से मुंबईवासियों को हो सकती है बड़ी परेशानी
मुंबई के प्रमुख इलाकों जैसे कोलाबा, घाटकोपर, मुलुंड, वर्ली, बोरीवली, कांदिवली, मलाड, गोरेगांव, जोगेश्वरी, अंधेरी, कुर्ला, और विद्याविहार में गर्मी के मौसम में पानी की भारी किल्लत रहती है. ऐसे में इन क्षेत्रों में पानी की आपूर्ति पानी के टैंकरों से की जाती है. यदि टैंकर चालक हड़ताल पर चले जाते हैं, तो मुंबईवासियों को पानी की गंभीर किल्लत का सामना करना पड़ सकता है.
टैंकर एसोसिएशन की प्रतिक्रिया
मुंबई वाटर टैंकर एसोसिएशन (MWTA) के सचिव राजेश ठाकुर ने कहा कि सीजीडब्ल्यूए से अनिवार्य लाइसेंस प्राप्त करना बहुत कठिन है और इसके लिए कड़ी शर्तें हैं. उन्होंने आगे कहा, "हम इस निर्णय के खिलाफ हड़ताल करने पर विचार कर रहे हैं." अंकुर वर्मा, जो एसोसिएशन के सदस्य हैं, ने बताया कि उन्हें बीएमसी से 381 ए का नोटिस मिला है, जिसमें बोरवेल और पाइप हटाने का आदेश दिया गया है. उन्होंने कहा कि यह 70-80 साल पुराना कारोबार है, और इस नोटिस के बाद हड़ताल की घोषणा की गई है.
मुंबई में टैंकरों की स्थिति
मुंबई में लगभग 1,800 टैंकर हैं, जो प्रतिदिन 200 मिलियन लीटर गैर-पेय जल की आपूर्ति करते हैं. इन टैंकरों का काम न केवल छोटे व्यवसायों को जल आपूर्ति करना है, बल्कि सड़क कंक्रीटीकरण जैसे सरकारी बुनियादी ढांचा कार्यों में भी यह पानी आपूर्ति करते हैं.
BMC ने पिछले साल भी जारी किया था नोटिस
यह पहली बार नहीं है जब बीएमसी ने इस तरह के नोटिस जारी किए हैं. 2023 में भी इसी प्रकार के नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन राज्य सरकार के हस्तक्षेप के बाद उन्हें रोक दिया गया था.
(The above story first appeared on LatestLY on Apr 08, 2025 04:42 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

