पेड़ प्रतिरोपण में निर्देशों का उल्लंघन करने पर सीपीडब्ल्यूडी को कारण बताओ नोटिस
दिल्ली वन विभाग ने केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) को संसद परिसर के पास एक भूखंड से पेड़ों को उखाड़कर निर्दिष्ट किए गए स्थान के अलावा किसी अन्य स्थान पर लगाने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
नयी दिल्ली, 27 नवंबर : दिल्ली वन विभाग ने केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) को संसद परिसर के पास एक भूखंड से पेड़ों को उखाड़कर निर्दिष्ट किए गए स्थान के अलावा किसी अन्य स्थान पर लगाने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया है.
दिल्ली सरकार ने सीपीडब्ल्यूडी(CPWD) को सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास परियोजना के तहत इंडिया गेट के पास कृत्रिम तालाबों के करीब आठ जगहों से 404 पेड़ों के प्रतिरोपण की मंजूरी दी थी.
उनमें से कुछ पेड़ 16 मीटर तक ऊँचे थे. पेड़ों में पीपल, बरगद, नीम और अशोक और अन्य किस्म के पेड़ शामिल हैं और इनमें से पांच तो 50 साल से भी अधिक पुराने हैं.
वन विभाग के एक अधिकारी ने कहा कि मीडिया रिपोर्टों से पता चलता है कि कालिंदी कुंज क्षेत्र में पेड़ों को एक इको पार्क में प्रतिरोपित किया जा रहा है.
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उन्होंने कहा, ‘‘हमने सीपीडब्ल्यूडी को कारण बताओ नोटिस जारी किया है और उनसे पूछा है कि क्या यह खबर सही है. अगर यह सच है, तो एजेंसी को 15 दिनों के भीतर जवाब देना होगा कि दिल्ली पेड़ संरक्षण अधिनियम के तहत उनके खिलाफ कोई कार्रवाई क्यों नहीं की जानी चाहिए?’’
सीपीडब्ल्यूडी के एक अधिकारी ने पुष्टि की कि उन्हें नोटिस मिला है और वे जल्द ही वन विभाग को जवाब प्रस्तुत करेंगे.
(The above story first appeared on LatestLY on Nov 27, 2020 12:37 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

