
नई दिल्ली, 26 जनवरी : गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद (Ram Nath Kovind) ने कहा कि संविधान की उद्देशिका में रेखांकित न्याय, स्वतंत्रता, समता और बंधुता के जीवन-मूल्य हम सबके लिए पुनीत आदर्श हैं. राष्ट्रपति ने अपने भाषण में कहा, "संविधान की उद्देशिका में रेखांकित न्याय, स्वतंत्रता, समता और बंधुता के जीवन-मूल्य हम सबके लिए पुनीत आदर्श हैं. यह उम्मीद की जाती है कि केवल शासन की जिम्मेदारी निभाने वाले लोग ही नहीं, बल्कि हम सभी सामान्य नागरिक भी इन आदशरें का दृढ़ता व निष्ठापूर्वक पालन करें." राष्ट्रपति ने कहा, "बाल गंगाधर तिलक, लाला लाजपत राय, महात्मा गांधी और सुभाष चंद्र बोस जैसे अनेक महान जन नायकों और विचारकों ने हमारे स्वतंत्रता संग्राम को प्रेरित किया था. मातृभूमि के स्वर्णिम भविष्य की उनकी परिकल्पनाएं अलग-अलग थीं, परंतु न्याय, स्वतंत्रता, समता और बंधुता के मूल्यों ने उनके सपनों को एक सूत्र में पिरोने का काम किया."
उन्होंने कहा, "मैं सोचता हूं कि हम सबको अतीत में और भी पीछे जाकर, यह जानने का प्रयास करना चाहिए कि यही मूल्य हमारे राष्ट्र-निमार्ताओं के लिए आदर्श क्यों बने? इसका उत्तर स्पष्ट है कि अनादि-काल से यह धरती और यहां की सभ्यता इन जीवन-मूल्यों को संजोती रही है. न्याय, स्वतंत्रता, समता और बंधुता हमारे जीवन-दर्शन के शाश्वत सिद्धांत हैं. इनका अनवरत प्रवाह हमारी सभ्यता के आरंभ से ही हम सबके जीवन को समृद्ध करता रहा है. हर नई पीढ़ी का यह दायित्व है कि समय के अनुरूप इन मूल्यों की सार्थकता स्थापित करे. हमारे स्वतंत्रता सेनानियों ने यह दायित्व अपने समय में बखूबी निभाया. उसी प्रकार आज के संदर्भ में हमें भी उन मूल्यों को सार्थक और उपयोगी बनाना है. इन्हीं सिद्धांतों से आलोकित पथ पर हमारी विकास यात्रा को निरंतर आगे बढ़ते रहना चाहिए." यह भी पढ़ें : Republic Day Parade 2021 Live Streaming on Doordarshan and PIB India: नई दिल्ली के राजपथ से यहां देखें 72वें गणतंत्र दिवस का सीधा प्रसारण
राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने महामारी के दौरान प्रतिकूल समय पर देश की सेवा करने के लिए किसानों, वैज्ञानिकों और सैनिकों का स्वागत किया. उन्होंने कहा, "हमारे सभी किसान, सैनिक और वैज्ञानिक विशेष प्रशंसा के पात्र हैं और गणतंत्र दिवस के इस शुभ अवसर पर एक कृतज्ञ राष्ट्र उन्हें बधाई देता है." राष्ट्रपति ने अपने संबोधन में कहा, "इतनी विशाल आबादी वाले हमारे देश को खाद्यान्न एवं डेयरी उत्पादों में आत्म-निर्भर बनाने वाले हमारे किसान भाई-बहनों का सभी देशवासी हृदय से अभिनंदन करते हैं. विपरीत प्राकृतिक परिस्थितियों, अनेक चुनौतियों और कोविड की आपदा के बावजूद हमारे किसान भाई-बहनों ने कृषि उत्पादन में कोई कमी नहीं आने दी. यह कृतज्ञ देश हमारे अन्नदाता किसानों के कल्याण के लिए पूर्णतया प्रतिबद्ध है."
उन्होंने कहा, "जिस प्रकार हमारे परिश्रमी किसान देश की खाद्य सुरक्षा को सुनिश्चित करने में सफल रहे हैं, उसी तरह हमारी सेनाओं के बहादुर जवान कठोरतम परिस्थितियों में देश की सीमाओं की सुरक्षा करते रहे हैं. लद्दाख में स्थित सियाचिन व गलवान घाटी में माइनस 50 से 60 डिग्री सेन्टीग्रेड तापमान में सब कुछ जमा देने वाली सर्दी से लेकर जैसलमर में 50 डिग्री सेन्टीग्रेड से ऊपर के तापमान में झुलसा देने वाली गर्मी में धरती, आकाश और विशाल तटीय क्षेत्रों में हमारे सेनानी भारत की सुरक्षा का दायित्व हर पल निभाते हैं. हमारे सैनिकों की बहादुरी, देशप्रेम और बलिदान पर हम सभी देशवासियों �"_blank" href="mailto:?subject=Republic+Day+2021%3A+%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%B7%E0%A5%8D%E0%A4%9F%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A4%AA%E0%A4%A4%E0%A4%BF+%E0%A4%95%E0%A5%8B%E0%A4%B5%E0%A4%BF%E0%A4%82%E0%A4%A6+%E0%A4%A8%E0%A5%87+%E0%A4%97%E0%A4%A3%E0%A4%A4%E0%A4%82%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%B0+%E0%A4%A6%E0%A4%BF%E0%A4%B5%E0%A4%B8+%E0%A4%95%E0%A5%80+%E0%A4%AA%E0%A5%82%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%B5+%E0%A4%B8%E0%A4%82%E0%A4%A7%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A4%BE+%E0%A4%AA%E0%A4%B0+%E0%A4%95%E0%A4%BF%E0%A4%B8%E0%A4%BE%E0%A4%A8%E0%A5%8B%E0%A4%82%2C+%E0%A4%B8%E0%A5%88%E0%A4%A8%E0%A4%BF%E0%A4%95%E0%A5%8B%E0%A4%82+%E0%A4%94%E0%A4%B0+%E0%A4%B5%E0%A5%88%E0%A4%9C%E0%A5%8D%E0%A4%9E%E0%A4%BE%E0%A4%A8%E0%A4%BF%E0%A4%95%E0%A5%8B%E0%A4%82+%E0%A4%95%E0%A5%8B+%E0%A4%95%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A4%BE+%E0%A4%B8%E0%A4%B2%E0%A4%BE%E0%A4%AE&body=Check out this link https%3A%2F%2Fhindi.latestly.com%2Findia%2Fpresident-salutes-farmers-soldiers-and-scientists-on-eve-of-republic-day-784047.html" title="Share by Email">