Farmers Protest: हरियाणा के कृषि मंत्री जेपी दलाल का विवादित बयान, कहा- ये किसान घर में होते तो भी मरते, कांग्रेस ने जताया विरोध
हरियाणा के कृषि मंत्री जेपी दलाल का विवादित बयान, कहा- ये किसान घर में होते तो भी मरते, कांग्रेस ने जताया विरोध
चंडीगढ़: कृषि कानूनों के विरोध में आंदोलन कर रहे किसानों का विरोध प्रदर्शन करीब तीन महीने होने जा रहा है. उनकी मांग है कि सरकार जब तक इस काले कानून को वापस नहीं लेगी. तब तक उनका यह आंदोलन इसी तरह से चलता रहेगा. इस बीच आंदोलन कर रहे किसानों में करीब दो सौ किसानों की मौत हो चुकी हैं. आंदोलन के दौरान मरने वाले किसानों को लेकर हरियाणा के कृषि मंत्री जेपी दलाल (JP Dalal) ने विवादित बयान दिया है. उन्होंने कहा किसान मरने के लिए होते ही हैं. घर में होते तो भी मरते. जो आज घर में हैं, वे नहीं मर रहे क्या. कोई हार्ट-अटैक से मरा है तो कोई बीमारी से, साल में औसत मौत के अनुसार ही मरे हैं. दलाल के इस बयान का कांग्रेस ने कड़े शब्दों में विरोध जताया है.
कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला (Randeep Surjewala) ने जेपी दलाल के इस बेतुके बयान को लेकर वीडियो शेयर करते हुए लिखा, "आंदोलन में संघर्षरत अन्नदाताओं के लिए इन शब्दों का प्रयोग एक संवेदनहीन और संस्कारहीन व्यक्ति ही कर सकता है. शर्म, मगर इनको आती नहीं. पहले किसानों को पाकिस्तान व चीन समर्थक बताने वाले हरियाणा के कृषि मंत्री जेपी दलाल को कैबिनेट से बर्खास्त किया जाना चाहिए. यह भी पढ़े: Farmers Protest: आंदोलन के दौरान गाजीपुर बॉर्डर पर एक किसान की मौत
दरअसल जेपी दलाल ने शनिवार दोपहर बाद करीब ढाई बजे हरियाणा के भिवानी रेस्ट हाउस में आयोजित एक प्रेस कान्फ्रेंस में मीडिया से बात कर रहे थे. उसी समय मीडिया की तरफ से सवाल किया गया कि आंदोलन के दौरान करीब सौ किसानों की जा चुकी हैं. जिस पर उन्होंने किसानों के बारे में यह विवादित बयान दिया.
जेपी लाल का यह वीडियो न्यूज चैनल पर दिखाए जाने और सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद जब उनके बयान का विरोध होने लगा तो उन्होंने अपने सफाई में एक वीडियो जारी कर खेद प्रकट किया. उन्होंने किसानों के बारे में ऐसा कुछ भी नहीं कहा है. उनके बयान को तोड़ मरोड़ कर बताया जा रहा है. उनके इस बयान से किसी किसान को दुख पहुंचा है तो उसे लिए खेद प्रकट करते हैं.
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