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"मेरा भाई मुजाहिदीन है..." पहलगाम आतंकी हमले में शामिल आतंकवादी की बहन बोली- हमें कुछ नहीं पता

त्राल में जब एक आतंकी का घर गिराया गया, तब उसकी बहन मौके पर मौजूद थी. उसने मीडिया को बताया, "मेरा एक भाई जेल में है, दूसरा मुजाहिदीन है. जब मैं ससुराल से आई तो देखा कि घर पर कोई नहीं था.

Sister of Pahalgam Attack Terrorist | ANI

जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए दर्दनाक आतंकी हमले के बाद सुरक्षाबलों ने आतंकवाद के खिलाफ बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है. इस हमले में 26 निर्दोष लोगों की जान चली गई, जिनमें एक नेपाली नागरिक भी शामिल था. अब इस हमले से जुड़े आतंकियों की पहचान के बाद उनके घरों को ध्वस्त किया जा रहा है. लेकिन इस बीच एक बयान ने सबका ध्यान खींचा है, आतंकवादी की बहन ने खुलेआम कहा, “मेरा भाई मुजाहिदीन है.”

पहलगाम आतंकी हमले के बाद सरकार सख्त, अमित शाह ने सभी मुख्यमंत्रियों से की बात, पाकिस्तानी नागरिकों की पहचान करने का आदेश.

त्राल और अनंतनाग में आतंकियों के घर ढहाए गए

सुरक्षा बलों ने शुक्रवार सुबह दो आतंकवादियों के घरों को गिरा दिया. त्राल, पुलवामा में लश्कर-ए-तैयबा के एक आतंकी का घर और अनंतनाग के बिजबेहरा ब्लॉक के गूरी गांव में आदिल गूरी का घर. दोनों आतंकियों पर 22 अप्रैल को बाइसारन, पहलगाम में हुए आतंकी हमले में शामिल होने का आरोप है, जिसमें 25 भारतीय और 1 नेपाली नागरिक की मौत हुई थी.

बहन का बयान: “मेरा एक भाई जेल में है, दूसरा मुजाहिदीन है”

त्राल में जब एक आतंकी का घर गिराया गया, तब उसकी बहन मौके पर मौजूद थी. उसने मीडिया को बताया, "मेरा एक भाई जेल में है, दूसरा मुजाहिदीन है. जब मैं ससुराल से आई तो देखा कि घर पर कोई नहीं था. पुलिस मेरे माता-पिता और बहन-भाई को ले गई थी." उसने दावा किया कि परिवार निर्दोष है और उन्हें अपने भाई के किसी आतंकी गतिविधि में शामिल होने की जानकारी नहीं थी.

बम से उड़ाया गया घर, परिवार का दावा- 'हमें कुछ नहीं पता’

आतंकी की बहन ने यह भी कहा कि सुरक्षा बलों ने उसे पास के एक पड़ोसी के घर भेज दिया और फिर उन्होंने घर पर बमनुमा उपकरण रखकर पूरा मकान गिरा दिया. महिला ने कहा, "हमने कुछ नहीं किया, हमें कुछ नहीं पता. हम बेगुनाह हैं और हमारा घर तबाह कर दिया गया."

पाकिस्तान से ट्रेनिंग लेकर लौटा था आदिल गूरी

दूसरे आतंकी आदिल गूरी को भी इस हमले का मुख्य आरोपी माना जा रहा है. वह 2018 में अवैध रूप से पाकिस्तान गया, जहां उसने आतंक की ट्रेनिंग ली. 2023 में वह गुपचुप तरीके से जम्मू-कश्मीर लौटा. अब उसे सबसे वांछित आतंकियों में शामिल किया गया है. अनंतनाग पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी में मदद करने वाले को 20 लाख रुपये का इनाम देने की घोषणा की है.

पहलगाम हमला: पर्यटकों पर सीधा निशाना

22 अप्रैल को आतंकियों ने जम्मू-कश्मीर के खूबसूरत बाइसारन घास के मैदान में पर्यटकों पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी. इस हमले में 25 भारतीय और 1 नेपाली नागरिक की मौत हो गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए. यह हमला पर्यटन सीजन के दौरान आतंक फैलाने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है.

(The above story first appeared on LatestLY on Apr 25, 2025 05:10 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).