जयपुर के सवाई मान सिंह अस्पताल के ICU वार्ड में लगी भीषण आग, 6 मरीजों की मौत, 5 की हालत नाजुक; अफरा-तफरी का वीडियो आया VIDEO
राजस्थान के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल सवाई मान सिंह (एसएमएस) के ट्रॉमा सेंटर के आईसीयू वार्ड में रविवार रात करीब 11:20 बजे भीषण आग लग गई, जिससे 6 गंभीर मरीजों की मौत हो गई.
SMS Hospital Fire: राजस्थान के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल सवाई मान सिंह (SMS) के ट्रॉमा सेंटर के आईसीयू वार्ड में रविवार रात करीब 11:20 बजे भीषण आग लग गई, जिससे 6 गंभीर मरीजों की मौत हो गई. घटना के बाद ICU वार्ड में फैले धुएं और जहरीली गैसों की भयावहता के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं, जिनमें अफरा-तफरी का माहौल साफ नजर आ रहा है
5 अन्य मरीजों की हालत गंभीर
अस्पताल प्रशासन ने प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट को आग का कारण बताया है, हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि अंतिम कारण की पुष्टि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही होगी, इस हादसे में 5 अन्य मरीजों की हालत अब भी नाजुक बनी हुई है. यह भी पढ़े: दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में लगी आग पर पाया गया काबू, अग्निशमन विभाग ने कहा- इन्वर्टर से लगी थी आग, कोई हताहत नहीं
एसएमएस अस्पताल में लगी आग
SMS अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर के ICU में शॉर्ट सर्किट से लगी भीषण आग में 2 महिलाओं सहित 8 की मौत । SMS में आए दिन सामने आती आगजनी की घटनाओं का जिम्मेदार कौन ? आखिर कब दुरुस्त होगी प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था?#SMSHospitalFire pic.twitter.com/CTBHo0lONi
आग लगने का कारण
एसएमएस अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर प्रभारी डॉ. अनुराग धाकड़ ने बताया:"ट्रॉमा सेंटर की दूसरी मंजिल पर दो ICU हैं — ट्रॉमा ICU में 11 और सेमी ICU में 13 मरीज भर्ती थे. ट्रॉमा ICU में शॉर्ट सर्किट से आग लगी, जो तेजी से फैली और जहरीली गैसें निकलने लगीं. ज्यादातर मरीज कोमा में थे, जिनकी सर्वाइवल रिफ्लेक्स कमजोर थी, इसलिए उन्हें सपोर्ट सिस्टम के साथ शिफ्ट करना पड़ा.
डॉ. धाकड़ ने बताया कि सभी 24 मरीजों को निचली मंजिल के ICU में शिफ्ट करने की कोशिश की गई, लेकिन 6 गंभीर मरीजों को बचाया नहीं जा सका.
मृतकों में दो महिलाएं और चार पुरुष
उन्होंने आगे कहा:"बिजली से निकली गैसें मरीजों के लिए घातक साबित हुईं. हमने CPR (कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन) की कोशिश की, लेकिन नाकाम रहे. मृतकों में दो महिलाएं और चार पुरुष शामिल हैं
आग कहां से शुरू हुई?
जयपुर के पुलिस कमिश्नर बिजू जॉर्ज जोसेफ ने बताया, "प्रथम दृष्टया शॉर्ट सर्किट ही आग का कारण लगता है, लेकिन फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की जांच के बाद ही आग के सटीक कारण का पता चलेगा. उन्होंने कहा कि आग स्टोर रूम से शुरू हुई, जहां कागज, मेडिकल उपकरण और ब्लड सैंपल ट्यूब्स रखे थे, जो जल्दी भड़क उठे.
परिजनों का गुस्सा
मृतकों के परिजनों ने अस्पताल स्टाफ पर लापरवाही का आरोप लगाया है।
एक परिजन पूरन सिंह ने बताया, "स्पार्क लगते ही सिलेंडर के पास आग लग गई।
धुआं पूरे ICU में फैल गया, सब भागने लगे. कुछ लोग अपने मरीजों को बचा ले गए, लेकिन मेरा मरीज अकेला रह गया. डॉक्टर और कंपाउंडर भाग गए, किसी ने मदद नहीं की.
परिजनों का आरोप फायर अलार्म नहीं बजा
परिवारों का कहना है कि फायर अलार्म नहीं बजा और सेफ्टी उपाय पूरी तरह नाकाफी थे.
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस घटना की हाई-लेवल जांच की मांग की है.
सीएम भजनलाल शर्मा का दौरा
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सोमवार देर रात अस्पताल पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया. उन्होंने मरीजों और डॉक्टरों से बात की. सरकार ने आग के कारणों, अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन प्रतिक्रिया की जांच के लिए 6 सदस्यीय कमिटी गठित की है. इस कमिटी की अध्यक्षता मेडिकल एजुकेशन के कमिश्नर इकबाल खान करेंगे और यह जल्द ही रिपोर्ट सौंपेगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 06, 2025 09:22 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

