महाराष्ट्र सरकार के दावों की खुली पोल, 3 महीनों में 639 किसानों ने की आत्महत्या
री आकड़ों के मुताबिक़ इस साल 2018 में सिर्फ तीन महीने में 639 किसानों ने खरब फसल और कर्ज के बोझ के चलते मौत को अपने गले लगाया है .
महाराष्ट्र: आर्थिक हालत से परेशान देश के किसानों के हालत सुधारने को लेकर केंद्र सरकार बड़े बड़े दावा कर रही है. लेकिन महाराष्ट्र के किसानों के आत्महत्या को लेकर जो आकड़े सामने आया है. वह आकड़ा अपने आप में चौकाने वाला है. महाराष्ट्र सरकार की तरह से जारी आकड़ों के मुताबिक़ इस साल 2018 में सिर्फ तीन महीने में 639 किसानों ने खराब फसल और कर्ज के बोझ के चलते मौत को अपने गले लगाया है .
किसानों के आत्महत्या को लेकर जारी इस आकड़े को लेकर आप चौकियेगा नही यह आकड़ा कोई एनजीओ या प्राईवेट संस्था ने नही जारी किया है. बल्कि यह आकड़ा महाराष्ट्र सरकार की तरह से नागपुर में चल रहे विधान सभा सत्र के दौरान ,विपक्ष द्वारा पूछे गए सवाल के बाद राज्य के राजस्व मंत्री चन्द्र कान्त पाटिल ने दिया है.
पाटिल द्वारा दिए गए जानकारी के मुताबिक 1 मार्च से लेकर 31 मई तक 639 किसानों ने ख़राब फसल और कर्ज के बोझ के चलते आत्महत्या की है. जिसका सरकार की तरह से जांच की जा रही है कि मुआवजा उन्हें देर से क्यों मिला.
दूसरा चौकाने वाला आकड़ा जो सामनें आया है वह राज्य के मुखिया देवेंद्र फडणवीस जिस विदर्भ क्षेत्र से आते है, वहा पर इस साल सबसे ज्यादा 598 किसानों ने खुदकुशी की है. हालांकि यह आंकड़ा पिछले वर्ष के मुकाबले 58 कम है. बता दें इस साल जनवरी से लेकर अब तक की बात की जाय तो महाराष्ट्र में तक 1307 किसान खुदकुशी कर चुकें है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 15, 2018 11:30 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

