हेयर ट्रांसप्लांट के नाम पर मौत का सौदा! डॉक्टर अनुष्का तिवारी के चक्कर में 2 इंजीनियरों की गई जान

कानपुर में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है जहाँ दो इंजीनियरों की जान सिर्फ इसलिए चली गई क्योंकि उन्होंने बाल उगवाने के लिए एक ऐसे डॉक्टर पर भरोसा किया, जो शायद डॉक्टर ही नहीं थी. नाम है डॉ. अनुष्का तिवारी. अब सवाल उठ रहा है कि क्या वो इस काम के काबिल थीं भी या नहीं?

दो मौतें, एक नाम: डॉक्टर अनुष्का 

पहली मौत हुई इंजीनियर विनीत दुबे की. उन्होंने कानपुर के रावतपुर इलाके में स्थित ‘एम्पायर क्लिनिक’ में हेयर ट्रांसप्लांट करवाया. ऑपरेशन के दौरान इंजेक्शन लगते ही उनकी तबीयत बिगड़ गई. चेहरा सूज गया, और हालत इतनी खराब हो गई कि इलाज के बाद भी जान नहीं बच पाई.

दूसरा मामला फर्रुखाबाद के इंजीनियर मयंक कटिहार का है. मयंक ने नवंबर 2024 में डॉक्टर अनुष्का से ट्रांसप्लांट करवाया. कुछ घंटों में ही उनकी हालत खराब हो गई. डॉक्टर को फोन करते रहे, लेकिन जवाब सिर्फ यही मिलता रहा – “सब ठीक है, घबराओ मत.” धीरे-धीरे हालत इतनी बिगड़ी कि मयंक ने भी दम तोड़ दिया.

कौन हैं डॉक्टर अनुष्का तिवारी? 

डॉक्टर अनुष्का कानपुर के केशवनगर में 'एम्पायर क्लिनिक' चलाती थीं. चार मंजिला बिल्डिंग के ग्राउंड फ्लोर पर दो कमरों में क्लिनिक चलता था. बोर्ड पर लिखा था – Dental, Hair, Aesthetic. अब यह क्लिनिक बंद है, बोर्ड भी गायब कर दिया गया है और डॉक्टर भी फरार हैं.

बड़ी बात यह है कि उनकी डिग्री पर ही सवाल खड़े हो गए हैं. चर्चा है कि उनके पास MBBS की डिग्री भी नहीं है और वह सिर्फ एक डेंटिस्ट हैं. लेकिन हेयर ट्रांसप्लांट करना किसी भी डॉक्टर का काम नहीं होता.

कौन कर सकता है हेयर ट्रांसप्लांट? 

  • स्वास्थ्य विभाग के अनुसार हेयर ट्रांसप्लांट करने के लिए डॉक्टर के पास ये योग्यताएं होना जरूरी है:
  • MD (Dermatology) – त्वचा और बालों के रोग विशेषज्ञ
  • MS या MCh (Plastic Surgery) – सर्जरी में विशेषज्ञता
  • ट्रांसप्लांट तकनीक (FUE, FUT आदि) का अलग से प्रशिक्षण
  • मेडिकल काउंसिल में पंजीकरण

BDS, BAMS या BHMS डिग्री वाले डॉक्टर कानूनी रूप से हेयर ट्रांसप्लांट नहीं कर सकते. अगर ऐसा करते हैं तो यह न सिर्फ अवैध है, बल्कि मरीज की जान पर भारी पड़ सकता है – जैसा कि विनीत और मयंक के साथ हुआ.

हेयर ट्रांसप्लांट करवाने से पहले ये बातें ज़रूर जांचें

✅ डॉक्टर की डिग्री और अनुभव

✅ क्लिनिक का लाइसेंस और पंजीकरण

✅ क्लिनिक में आपातकालीन सुविधाएं

✅ डॉक्टर ही सर्जरी करे, टेक्नीशियन नहीं

✅ बहुत सस्ते ऑफर से सावधान रहें

✅ डॉक्टर का चेहरा, नाम और रजिस्ट्रेशन नंबर पब्लिकली दिखाया गया हो

अब क्या? 

पुलिस ने डॉक्टर अनुष्का को पूछताछ के लिए नोटिस भेजा है लेकिन वो सामने नहीं आई हैं. उनकी डिग्री और रजिस्ट्रेशन की जांच की जाएगी. परिजनों का आरोप है कि गलत इलाज और लापरवाही ने उनके अपनों की जान ले ली.