JNU फीस बढ़ोतरी मामला: पिटाई को लेकर छात्र दिल्ली पुलिस मुख्यालय के बाहर करने जा रहे थे प्रदर्शन, पुलिस ने रोका
दिल्ली की जवाहर लाल यूनिवर्सिटी में हॉस्टल की फीस बढ़ोतरी को लेकर छात्रों का विरोध प्रदर्शन अभी भी जारी है. बुधवार को ये छात्र पुलिस द्वारा पिटाई को लेकर दिल्ली पुलिस मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन जा रहे थे. लेकिन बीच में ही इन्हें रोक लिया गया.
नई दिल्ली: दिल्ली की जवाहर लाल यूनिवर्सिटी ( JNU) में हॉस्टल की फीस बढ़ोतरी को लेकर छात्रों का विरोध प्रदर्शन अभी भी जारी है. बुधवार को इन्हीं छात्रों में दृष्टिहीन छात्रों का एक प्रतिनिधित मंडल पुलिस द्वारा पिटाई को लेकर दिल्ली पुलिस मुख्यालय (Delhi Police headquarters) के बाहर प्रदर्शन जा रहे थे. लेकिन बीच में ही इन्हें रोक लिया गया. इनको रोके जाने के बाद सभी छात्रों को हिरासत में लेते हुए वसंत कुंज पुलिस स्टेशन (Vasant Kunj Police Station) भेज दिया है. फिलहाल ताजा जो जानकारी हैं. उसके अनुसार अभी तक इन छात्रों को छोड़ा नहीं गया है.
जवाहर लाल यूनिवर्सिटी में हॉस्टल फीस बढ़ोतरी को लेकर छात्र सोमवार को विश्वविद्यालय से संसद तक मोर्चा निकाला था. छात्र संसद तक पहुंच ना पाए पुलिस ने उस इलाके में धारा 144 लगाकर इन्हें रोकने की कोशिश. इसके बावजूद ए छात्र जब नहीं माने और संसद भवन की तरफ बढ़ते रहे. पुलिस इन छात्रों को रोकने के लिए इनके ऊपर लाठी किया. और इन्हें सफदरजंग मकबरे के पास ही इन्हें रोक दिया. जिस लाठी चार्ज में कई छात्र घायल हुए थे. यह भी पढ़े: जेएनयू देशद्रोह मामला: सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा- केस फाइल उप गृह सचिव के पास लंबित
Delhi: Jawaharlal Nehru University (JNU) students who were going to Delhi Police Headquarters for a demonstration against "the lathi charge of Delhi Police on the students of the University", are now being taken by police to Vasant Kunj police station. pic.twitter.com/lwQiqjTYEg
— ANI (@ANI) November 20, 2019
छात्रों ने कहा पुलिस मांगे माफी:
मीडिया के बातचीत में जेएनयू के दृष्टिहीन छात्रो ने कहा कि उन्हें ‘‘पुलिस लाठीचार्ज’’ के खिलाफ प्रदर्शन करने के लिए पुलिस मुख्यालय की ओर जाने की अनुमति नहीं दी गई. जेएनयू के छात्र नए पुलिस मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन करने जय सिंह मार्ग जा रहे थे, लेकिन उनकी बस को रोक दिया गया और वसंत कुंज थाने ले जाया गया. उन्होंने कहा कि बाद में उनकी बस को आईटीओ स्थित पुराने पुलिस मुख्यालय ले जाया गया. फोरम ने सोमवार को हॉस्टल शुल्क वृद्धि के विरोध में प्रदर्शन के दौरान हुए कथित पुलिस लाठीचार्ज की निन्दा की थी और कहा था कि पुलिस को माफी मांगनी चाहिए. पुलिस ने लाठीचार्ज के आरोप को खारिज किया था. (इनपुट भाषा)
(The above story first appeared on LatestLY on Nov 20, 2019 01:08 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

