मेडिकल क्षेत्र में बड़ा अवसर: महाराष्ट्र में 5500 असिस्टेंट प्रोफेसर और 2900 नॉन-टीचिंग पदों की भर्ती जल्द
Assistant Professors Vacancy 2025

महाराष्ट्र में मेडिकल क्षेत्र (Assistant Professors Vacancy 2025 Update) में करियर बनाने वाले युवाओं के लिए बड़ी खुशखबर है. राज्य सरकार 5,500 असिस्टेंट प्रोफेसर (Assistant Professors) और 2,900 नॉन-टीचिंग स्टाफ (Non-Teaching Staff) की भर्ती करने जा रही है, जिससे राज्य के मेडिकल कॉलेजों में टीचिंग और एडमिनिस्ट्रेटिव स्ट्रक्चर (Teaching and Administrative Structure) मजबूत होगा. इस कदम से न केवल युवाओं के लिए नए रोजगार अवसर पैदा होंगे, बल्कि उच्च शिक्षा के स्तर में सुधार और सरकारी मेडिकल कॉलेजों की शिक्षण गुणवत्ता में वृद्धि भी होगी.

भर्ती का उद्देश्य

इस भर्ती अभियान का मुख्य उद्देश्य सरकारी मेडिकल कॉलेजों में नए फैकल्टी (Faculty) और सहायक स्टाफ की कमी को पूरा करना है. यह प्रक्रिया मार्च 2026 से पहले पूरी कर ली जाएगी, जिससे छात्रों और कॉलेजों दोनों को लाभ मिलेगा. यदि आप भी मेडिकल छात्र हैं, और सरकारी नौकरी का सपना देख रहे हैं, तो यह अवसर आपके लिए सुनहरा मौका साबित हो सकता है. असिस्टेंट प्रोफेसर की भर्ती

महाराष्ट्र के उच्च और तकनीकी शिक्षा मंत्री (Minister Of Higher And Technical Education) चंद्रकांत पाटिल ने शनिवार को घोषणा की कि राज्य में मेडिकल फैकल्टी और नॉन-टीचिंग स्टाफ की भर्ती जल्द की जाएगी. उन्होंने बताया कि हायर एजुकेशन कॉलेजों में खाली पड़े 5,500 असिस्टेंट प्रोफेसर के पद मार्च 2026 से पहले भरे जाएंगे.

नॉन-टीचिंग स्टाफ के पद भी मंजूर

मंत्री चंद्रकांत पाटिल ने नांदेड में आयोजित स्वामी रमणंद तीर्थ मराठवाड़ा विश्वविद्यालय के 28वीं कन्वोकेशन समारोह में बताया कि सरकार ने 2,900 नॉन-टीचिंग स्टाफ के पदों को मंजूरी दे दी है. उन्होंने कहा कि वित्त और योजना विभाग (Finance And Planning Department) ने भी इस भर्ती को अपनी सहमति दे दी है. भर्ती प्रक्रिया जल्द शुरू होने की संभावना है, जिससे छात्रों और कॉलेजों दोनों को लाभ मिलेगा.

पिछली भर्ती क्यों रुकी थी

मंत्री चंद्रकांत पाटिल ने बताया कि पहले विश्वविद्यालयों में 700 असिस्टेंट प्रोफेसर की भर्ती को मंजूरी दी गई थी, लेकिन तत्कालीन राज्यपाल सी.पी. राधाकृष्णन द्वारा सुझाई गई अलग प्रक्रिया के कारण यह पूरी नहीं हो पाई थी. अब यह मामला नए राज्यपाल आचार्य देवव्रत के सामने रखा जाएगा, ताकि प्रक्रिया को पूरा कर भर्ती को जल्द लागू किया जा सके.

विदेशी छात्रों को आकर्षित करने के प्रयास

मंत्री पाटिल ने कहा है, कि विश्वविद्यालयों को मजबूत बनाने से विदेशी छात्रों को आकर्षित किया जा सकता है. इस वर्ष 65 देशों के 4,000 छात्रों ने एजेंसी के माध्यम से नामांकन कराया, लेकिन अधिकांश ने पुणे और मुंबई को प्राथमिकता दी.

इस नए कदम से महाराष्ट्र के मेडिकल शिक्षा क्षेत्र में रोजगार और शिक्षा के स्तर में सुधार होने की उम्मीद है.