Bihar Assembly Elections 2025: 'राजनीति मेरे स्वभाव के अनुरूप नहीं', बिहार चुनाव लड़ने की अटकलों पर खेसारी लाल यादव का बयान

पटना, 15 अक्टूबर : बिहार विधानसभा चुनाव 2025 (Bihar Assembly Elections 2025) जैसे-जैसे नजदीक आ रहे हैं, राज्य की सियासत में न केवल राजनीतिक चेहरों की हलचल तेज हो गई है, बल्कि फिल्मी सितारों की राय और बयानबाजी भी सुर्खियों में है. खासकर भोजपुरी सिनेमा से जुड़े सितारे इन दिनों चर्चा के केंद्र में हैं.

इसी बीच, भोजपुरी सुपरस्टार खेसारीलाल यादव (Khesari Lal Yadav) ने बिहार की राजनीति को लेकर अहम बयान दिए. उन्होंने न केवल विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव की सराहना की, बल्कि प्रशांत किशोर की सोच को भी सराहा. वहीं पवन सिंह के निजी विवाद पर भी उन्होंने अपनी प्रतिक्रिया दी और समाधान की सलाह दी. खेसारी लाल यादव ने अपने बयान में साफ कहा कि अब वक्त आ गया है जब बिहार को एक बार बदलकर देखने की जरूरत है. उन्होंने कहा, "जब तक बदलाव नहीं आएगा, तब तक राज्य का विकास भी संभव नहीं है. इस बार जनता की सोच में बदलाव आया है और जो नेता लोगों के विश्वास में खरा उतरेगा, वही चुनाव जीत सकता है." यह भी पढ़े : सोनम वांगचुक की हिरासत को चुनौती देने वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में 29 अक्टूबर को होगी सुनवाई

उन्होंने तेजस्वी यादव के कामकाज की तारीफ करते हुए कहा कि तेजस्वी ने युवाओं के लिए नई संभावनाएं और मौके खोले हैं, जो पहले नहीं दिखते थे. खेसारी का मानना है कि एक मौका हर किसी को मिलना चाहिए और यदि किसी ने अच्छा काम किया है तो उसे फिर से आगे बढ़ने का मौका भी मिलना चाहिए.

राजनीति में अपने प्रवेश को लेकर चल रही अटकलों पर विराम लगाते हुए खेसारी लाल यादव ने साफ किया कि न तो वे खुद चुनाव लड़ना चाहते हैं और न ही उनकी पत्नी चंदा देवी चुनाव लड़ने की इच्छुक हैं. उन्होंने बताया कि तेजस्वी यादव ने उन्हें चुनाव लड़ने के लिए आमंत्रित किया था, लेकिन उन्होंने विनम्रतापूर्वक मना कर दिया. उन्होंने कहा कि राजनीति उनके स्वभाव के अनुरूप नहीं है और वे खुद को चुनावी माहौल में सहज महसूस नहीं करते. अपनी पत्नी को लेकर उन्होंने कहा कि वह भी चुनाव नहीं लड़ना चाहतीं क्योंकि इस समय बच्चे छोटे हैं और परिवार की प्राथमिकता ज्यादा अहम है.

पवन सिंह और उनकी पत्नी ज्योति सिंह के बीच चल रहे विवाद पर खेसारी लाल ने कहा कि यह पवन सिंह का व्यक्तिगत मामला है, लेकिन अगर दोनों पक्ष बैठकर बात करें तो किसी भी विवाद का हल निकाला जा सकता है.

खेसारी ने उदाहरण देते हुए कहा कि जब पाकिस्तान और हिंदुस्तान जैसे देशों के बीच के विवाद बैठकर सुलझा सकते हैं, तो व्यक्तिगत विवाद भी बातचीत से सुलझाए जा सकते हैं. उन्होंने पवन सिंह को 'दुनिया के लिए एक आइकन' बताया और कहा कि उन्हें अपने जीवन में हो रहे घटनाक्रमों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए. उनका कहना था कि किसी भी लड़ाई का हल झगड़े से नहीं, समझदारी से निकलता है.

प्रशांत किशोर को लेकर पूछे गए सवाल पर खेसारी लाल ने खुलकर कहा कि वह प्रशांत किशोर की सोच और विचारधारा से सहमत हैं. उन्होंने कहा कि किशोर बिहार को बदलने के लिए जो अभियान चला रहे हैं, वह सराहनीय है और उनका विजन साफ है. खेसारी ने कहा कि बदलाव जीवन का हिस्सा है और बिहार को भी अब बदलकर देखने की जरूरत है.