Bengaluru Shocker: बेंगलुरु में 11 महीने के बच्चे की हत्या का आरोप, माता-पिता ने की मौत को हादसा बताने की कोशिश, राज खुलने के बाद पुलिस ने किया गिरफ्तार
बेंगलुरु पुलिस ने अपनी 11 महीने की मासूम बच्ची की हत्या करने और उसे हादसे का रूप देने के आरोप में एक माता-पिता को गिरफ्तार किया है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अंदरूनी चोटों और अत्यधिक रक्तस्राव का खुलासा होने के बाद पुलिस ने माता-पिता की इस खौफनाक साजिश का पर्दाफाश किया.
Bengaluru Shocker: कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु से एक बेहद दर्दनाक और इंसानियत को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई है. पूर्वी बेंगलुरु के अवलाहल्ली थाना क्षेत्र में एक माता-पिता ने अपनी ही 11 महीने की मासूम बच्ची की बेरहमी से हत्या कर दी. यही नहीं, आरोपियों ने इस जघन्य अपराध को छिपाने के लिए पुलिस के सामने बच्ची की मौत पलंग (बेड) से गिरने के कारण होने का नाटक भी रचा. हालांकि, करीब दो सप्ताह बाद आई विस्तृत पोस्टमार्टम (Post-Mortem) रिपोर्ट ने माता-पिता के दावों की धज्जियां उड़ा दीं. पुलिस ने सोमवार को मामले का खुलासा करते हुए आरोपी पति-पत्नी को हत्या के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है.
'पलंग से गिरने' की झूठी कहानी
यह दर्दनाक वाकया 9 जून की दोपहर को अवलाहल्ली पुलिस स्टेशन के अंतर्गत आने वाले किटागनूर गांव में हुआ था. घटना के बाद बच्ची के पिता शेकप्पा ने पुलिस से संपर्क कर दावा किया था कि जब उसकी पत्नी विजयलक्ष्मी सो रही थी, तब उनकी 11 महीने की बेटी अचानक दो फीट ऊंचे पलंग से नीचे गिर गई. पिता ने पुलिस को बताया कि वे बच्ची को तुरंत ईस्ट पॉइंट अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. पिता के इस शुरुआती बयान के आधार पर पुलिस ने शुरू में इसे अप्राकृतिक मौत (Unnatural Death) का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी. यह भी पढ़े: Meerut Shocker: मेरठ से दिल दहला देने वाला मामला आया सामने, प्रेम संबंध में बाधा बन रहे 6 वर्षीय बेटे की हत्या का आरोप, मां और उसके प्रेमी गिरफ्तार
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से सामने आया खौफनाक सच
मामले में असली मोड़ 22 जून को आया, जब बच्ची की फॉरेंसिक और पोस्टमार्टम रिपोर्ट पुलिस के हाथ लगी. मेडिकल रिपोर्ट के विश्लेषण से यह साफ हो गया कि बच्ची की मौत किसी मामूली गिरावट से नहीं, बल्कि शरीर के अंदरूनी अंगों में गंभीर चोट लगने और अत्यधिक ब्लीडिंग (internal bleeding) के कारण दम घुटने से हुई थी.
फॉरेंसिक विशेषज्ञों को मासूम के चेहरे, छाती, पैरों और निजी अंगों पर गहरे जख्म और आघात के निशान मिले. पुलिस ने जब घटना स्थल का मुआयना किया तो पाया कि जिस बेड से बच्ची के गिरने की बात कही जा रही थी, उसकी ऊंचाई महज दो फीट थी. इतनी कम ऊंचाई से गिरने पर किसी बच्चे को इतनी घातक और जानलेवा चोटें आना असंभव था. इसके बाद पुलिस का शक गहरा गया.
घरेलू कलह और अवैध संबंधों के बीच पिसी मासूम
पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर जब पुलिस ने शेकप्पा और विजयलक्ष्मी को हिरासत में लेकर कड़ी पूछताछ की, तो उन्होंने अपना गुनाह कबूल कर लिया. पुलिस पूछताछ में सामने आया कि 9 जून की दोपहर जब शेकप्पा दोपहर के भोजन के लिए घर लौटा, तो दोनों के बीच किसी बात को लेकर हिंसक बहस शुरू हो गई. इसी दौरान उनकी 11 महीने की बेटी जोर-जोर से रोने लगी.
विवाद और गुस्से से तमतमाई मां विजयलक्ष्मी ने रोती हुई मासूम को एक जोरदार लात मार दी. पत्नी की इस हरकत और गुस्से में आकर पिता शेकप्पा ने बच्ची को उठाया और पूरी ताकत से जमीन पर पटक दिया, जिससे बच्ची को जानलेवा अंदरूनी चोटें आईं और उसकी मौके पर ही मौत हो गई.
आसपास के पड़ोसियों और गवाहों ने पुलिस को बताया कि इस दंपती के बीच अक्सर गंभीर झगड़े होते थे. स्थानीय लोगों का यह भी आरोप है कि विजयलक्ष्मी का एक पड़ोसी के साथ कथित तौर पर अवैध संबंध था और वह अपनी बच्ची से बिल्कुल भी लगाव नहीं रखती थी.
नए कानून BNS के तहत मामला दर्ज, आरोपी जेल में
फॉरेंसिक रिपोर्ट और चश्मदीदों के बयानों के आधार पर अवलाहल्ली पुलिस ने मामले की धाराओं में बदलाव किया है. पुलिस ने आरोपी माता-पिता शेकप्पा और विजयलक्ष्मी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) (हत्या) और धारा 3(5) (समान इरादा) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है. दोनों आरोपियों को अदालत में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है और मामले की आगे की कानूनी कार्यवाही जारी है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 07, 2026 10:58 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

