अयोध्या जमीन विवाद: सुप्रीम कोर्ट चार जनवरी को करेगा मामले की सुनवाई
देश के सबसे चर्चित मामलों में राम जन्मभूमि विवाद मामले में फैसले पर देरी से जुड़ी एक जनहित याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई थी. जिस याचिका को कोर्टने स्वीकार करते हुए मामले की सुवनाई चार जनवरी करेगा
नई दिल्ली: देश के सबसे चर्चित मामलों में राम जन्मभूमि विवाद मामले में फैसले पर देरी से जुड़ी एक जनहित याचिका पर सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) में दायर की गई थी. जिस याचिका को कोर्ट ने स्वीकार कर लिया है और इस मामले पर सुनवाई के लिए कोर्ट की तरह से चार जनवरी का तारीख दी गई है. बता दें कि कोर्ट में जो जनहित याचिका दायर की गई थी. वह याचिका मामले को जल्द से जल्द और एक तय समय सीमा में सुनवाई करने को लेकर दायर की गई थी. ऐसे में कोर्ट द्वारा याचिका स्वीकार किए जाने के बाद इस मामले की सुनवाई चार जनवरी (शुक्रवार) को होगा.
इससे पहले 29 अक्टूबर को अयोध्या राम मंदिर-बाबरी मस्जिद जमीन के मालिकाना हक के विवाद को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई टल गई थी. मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई के नेतृत्व में तीन नए जजों की बेंच ने सुनवाई करते हुए इस मामले को जनवरी 2019 तक टाल दिया था.
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Supreme Court to hear a PIL on January 4 questioning delay in adjudication of Ayodhya matter and requesting it to hear the matter on urgent basis and in a time bound manner. pic.twitter.com/5BN7ugNnud
— ANI (@ANI) December 24, 2018
बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने 30 सितंबर 2010 के इलाहाबाद उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ दायर याचिकाओं पर सुनवाई शुरू की थी. इलाहाबाद हाई कोर्ट ने अयोध्या में राम मंदिर बाबरी मस्जिद की विवादित भूमि को तीन हिस्सों में बांटने का फैसला सुनाया था. 2010 के बहुमत वाले फैसले में हाइकोर्ट ने केस के तीनों पक्षों- रामलला, निर्मोही अखाड़ा और सुन्नी वक्फ बोर्ड में 2.77 एकड़ जमीन को बराबर बांटने का आदेश दिया था..
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 24, 2018 07:52 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

