राम मंदिर निर्माण पर बोले अमित शाह, लोकतंत्र में हमेशा लोगों की भावनाएं जीतती हैं, होगी संस्कृति की जीत
अमित शाह ने गुरुवार को एक कार्यक्रम में आशा व्यक्त की कि अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के लिए आंदोलन के परिणामस्वरूप "संस्कृति की जीत" होगी और लोकतंत्र में हमेशा लोगों की भावनाएं जीतती हैं.
नई दिल्ली: लोकसभा चुनाव से पहले राम मंदिर निर्माण का मुद्दा गर्माते जा रहा है. इस बीच मोदी सरकार मंदिर निर्माण की दिशा में नए कदम उठाने की ओर है. बीजेपी और आरआरएस के कार्यकर्ता आए दिन मंदिर निर्माण को लेकर नए-नए बयान दे रहे है. संघ प्रमुख मोहन भागवत ने भी हाल ही में कहा था कि अयोध्या में भव्य राम मंदिर बनना चाहिए. मंदिर निर्माण को लेकर बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह का कहना है कि अयोध्या की विवादित जमीन के मालिकाना हक पर बातचीत करते समय राम मंदिर के निर्माण के तथ्य से किनारा नहीं किया जा सकता है.
अमित शाह ने गुरुवार को एक कार्यक्रम में आशा व्यक्त की कि अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के लिए आंदोलन के परिणामस्वरूप "संस्कृति की जीत" होगी और लोकतंत्र में हमेशा लोगों की भावनाएं जीतती हैं. शाह ने एक पुस्तक विमोचन कार्यक्रम में यह टिप्पणी की. अमित शाह ने आगे कहा कि राम मंदिर के निर्माण से समाज के समुदायों के बीच विवाद के कारणों में से एक समाप्त हो जाएगा. उन्होंने कहा था, 'हमें न्याय जल्दी देना होगा. इसमें देरी नहीं होनी चाहिए. समाज सर्वोच्च है.
आज दिल्ली के डॉ.अम्बेडकर इंटरनेशनल सेंटर में @RSSorg के सरसंघचालक श्री मोहन भागवत जी व केंद्रीय गृहमंत्री श्री @rajnathsingh जी के साथ प्रभात प्रकाशन द्वारा प्रकाशित, वरिष्ठ पत्रकार श्री हेमंत शर्मा जी की 'युद्ध में अयोध्या' और 'अयोध्या का चश्मदीद' नामक पुस्तकों का लोकार्पण किया। pic.twitter.com/edr8VBZylf
— Amit Shah (@AmitShah) September 20, 2018
इस कार्यक्रम में उनके साथ संघ प्रमुख मोहन भागवत और गृहमंत्री राजनाथ सिंह भी थे. मौके पर गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि यह संतोषजनक होगा अगर भव्य राम मंदिर के निर्माण के लिए सभी धर्मों के अनुयायी मिलकर काम करें. यह भी पढ़ें- VIDEO: UP पुलिस का एक और कारनामा, मीडिया बुलाकर किया अपराधियों का लाइव एनकाउंटर
अमित शाह ने राम जन्मभूमि आंदोलन को स्वतंत्रता के बाद से देश का सबसे बड़ा आंदोलन बताया. उन्होंने कहा कि वह फिलहाल इस मुद्दे पर ज्यादा बात नहीं करेंगे, क्यों कि यह मामला फिलहाल उच्चतम न्यायालय में चल रहा है. कार्यक्रम में अमित शाह ने कहा, 'इस पूरे विवाद में इस तथ्य से इंकार नहीं किया जा सकता कि अयोध्या में राम मंदिर ध्वस्त हुआ है.जब हम इसपर बातचीत करेंगे तो आप उस घटना से मुंह नहीं मोड़ सकते हैं जो 600 साल पहले घटी थी.' यह भी पढ़ें- यूपी में दिमागी बुखार का प्रकोप जारी, 45 दिनों में 71 बच्चों की मौत, सूबे में मचा हड़कंप
बता दें कि अमित शाह ने यह बातें एक पुस्तक विमोचन के कार्यक्रम के दौरान कही. गुरुवार को शाह ने नई दिल्ली के डॉक्टर अंबेडकर अतंरराष्ट्रीय केंद्र में दो किताबों- अयोध्या के चश्मदीद और युद्ध में अयोध्या का विमोचन किया. इन किताबों के लेखक पत्रकार हेमंत शर्मा हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 21, 2018 10:31 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

