लखनऊ, 29 मई समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने सोमवार को प्रदर्शनकारी पहलवानों का समर्थन करते हुए बेटियों को ‘अपमानित’ करने के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार पर निशाना साधा और केंद्र से ‘भारत की बेटियों को न्याय दिलाने’ के लिए आगे आने का आग्रह किया।
भारतीय कुश्ती महासंघ के निवर्तमान अध्यक्ष और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसद बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे पहलवानों का समर्थन करते हुए बसपा की अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने सोमवार को कहा कि बेटियों को न्याय दिलाने के लिए केंद्र सरकार को जरूर आगे आना चाहिए।
बसपा प्रमुख ने सोमवार को ट्वीट किया ‘‘विश्व कुश्ती में भारत का नाम रौशन करके गौरवपूर्ण स्थान पाने वाली भारतीय बेटियां कुश्ती फेडरेशन ऑफ इंडिया के प्रमुख पर शोषण के गंभीर आरोपों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग को लेकर आंदोलन करने को मजबूर हैं।’’
मायावती ने इसी ट्वीट में कहा,‘‘इन बेटियों को न्याय दिलाने के लिए केंद्र सरकार को जरूर आगे आना चाहिए।’’
सपा नेता ने भाजपा पर यह कहते हुए हमला बोला कि उसने केवल वोट लेने के लिए ‘बेटी बचाओ’ का नारा दिया है।
अखिलेश यादव ने पत्रकारों से बातचीत में आरोप लगाया, ‘‘भाजपा संविधान और कानून की धज्जियां उड़ा रही है, जब वोट लेना था तब बेटी बचाओ का नारा दिया था अब सरकार में हैं तो बेटियों को अपमानित कर रहे हैं। उन्हें सड़कों पर घसीट रहे हैं।’’
सपा प्रमुख ने कहा, ‘‘भाजपा जनता को भ्रमित करने के लिए दिखावटी नारे देती है। पूरा देश देख रहा है कि कुश्ती में मेडल जीत कर देश का मस्तक ऊंचा उठाने वाली बेटियों को भाजपा सरकार अपमानित कर रही है; अगले चुनाव में यही माताएं, बहनें और बेटियां भाजपा को सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाएंगी।’’
गौरतलब है कि दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर पर पहलवानों के विरोध-प्रदर्शन को लेकर पहलवान साक्षी मलिक, विनेश फोगाट और बजरंग पुनिया के साथ-साथ आयोजकों और उनके समर्थकों के खिलाफ दंगा करने तथा सरकारी कर्मचारियों के काम में बाधा डालने के आरोप में रविवार को प्राथमिकी दर्ज की थी।
इससे पहले, दिल्ली पुलिस ने उन्हें रविवार को सुरक्षा घेरा तोड़कर महिला ‘महापंचायत’ के लिए नये संसद भवन की ओर बढ़ने की कोशिश करने के बाद कानून-व्यवस्था के उल्लंघन को लेकर हिरासत में लिया था।
आंदोलनकारी पहलवानों में ओलंपिक पदक विजेता बजरंग पूनिया, साक्षी मलिक और एशियाई खेलों की स्वर्ण विजेता विनेश फोगाट शामिल हैं।
आंदोलनकारियों ने भारतीय कुश्ती महासंघ के निवर्तमान अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह पर कई महिला पहलवानों का कथित यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगाते हुए उन्हें गिरफ्तार करने की मांग की है।
दिल्ली पुलिस ने सिंह के खिलाफ दो प्राथमिकी दर्ज की हैं, जिनमें से एक नाबालिग पहलवान के आरोपों से संबंधित है और यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम के तहत दर्ज की गई है, जबकि दूसरा मामला महिला पहलवानों के अपमान से संबंधित है।
सिंह ने अपने खिलाफ लगे आरोपों को खारिज कर दिया और खुद का ‘नार्को एनालिसिस’ और ‘पॉलीग्राफ’ जांच कराने की मांग इस शर्त के साथ की कि विरोध करने वाले पहलवानों का भी यह परीक्षण कराया जाए।
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