देश की खबरें | कर्नाटक के मांड्या में शोभायात्रा के दौरान दो समूहों के बीच हिंसा भड़की, 52 लोग गिरफ्तार

नागमंगला, 12 सितंबर कर्नाटक के माडंया जिले के नागमंगला कस्बे में गणेश मूर्ति विसर्जन शोभायात्रा के दौरान दो समूहों के बीच झड़प हो गई, जिसके बाद भीड़ के कई दुकानों और वाहनों को निशाने से स्थिति तनावपूर्ण हो गई।

पुलिस ने बताया कि बुधवार रात की इस घटना के बाद 52 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और ऐहतियात के तौर पर 14 सितंबर तक कस्बे में चार से अधिक लोगों के एकत्र होने पर रोक लगा दी गई है। पथराव में दो पुलिसकर्मियों समेत कुछ लोगों को मामूली चोटें आईं। उन्होंने बताया कि स्थिति पर काबू पा लिया गया है और अतिरिक्त सुरक्षा बलों को तैनात किया गया है।

पुलिस ने बताया कि बुधवार को जब बदरिकोप्पलु गांव से श्रद्धालु शोभायात्रा निकाल रहे थे तब दो समूहों के बीच बहस हो गई और कुछ उपद्रवियों ने पथराव किया जिससे स्थिति बिगड़ गई।

उन्होंने बताया कि दोनों समूहों के बीच झड़प के बाद कुछ दुकानों में तोड़फोड़ की गई और वाहनों में आग लगा दी गई।

पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने और स्थिति को संभालने के लिए हल्का बल प्रयोग किया। शोभायात्रा निकालने वाले युवाओं के समूह ने थाने के निकट विरोध प्रदर्शन किया और हिंसा के लिए जिम्मेदार लोगों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की।

कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने कहा कि हिंसा उपद्रवियों का काम है, जिससे समाज की शांति व सौहार्द में खलल पड़ता है।

उन्होंने कहा कि सरकार ने इस घटना को गंभीरता से लिया है और धार्मिक आधार पर विभाजन पैदा करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी, चाहे वह किसी भी जाति या धर्म का हो।

उन्होंने 'एक्स' पर कहा, "मैं लोगों से अनुरोध करता हूं कि वे शांति बनाए रखें और उकसावे में आए बिना संयम बरतें।"

गृह मंत्री जी. परमेश्वर ने कहा कि झड़पों को "सांप्रदायिक हिंसा" नहीं कहा जा सकता क्योंकि यह घटना "क्षणिक आक्रोश" के कारण हुईं।

उन्होंने बेंगलुरू में पत्रकारों से कहा कि "दोनों पक्षों" के 52 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और पथराव तथा वाहनों व संपत्तियों को आग लगाने जैसी घटनाओं में संलिप्तता के बारे में सीसीटीवी फुटेज की पड़ताल के आधार पर उनके खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा।

जब उनसे कहा गया कि घटना के दौरान कथित तौर पर पेट्रोल बम फेंका गया और यह पूछा गया कि क्या घटना पूर्व नियोजित थी, तो उन्होंने कहा, "नहीं, नहीं, यह (घटना) क्षणिक आवेग में हुई है। पुलिस ने इसे और बढ़ने नहीं दिया और स्थिति को नियंत्रण में कर लिया है।"

पुलिस के अनुसार, प्राथमिकी में 53 लोगों के नाम दर्ज हैं।

मांड्या के पुलिस अधीक्षक मल्लिकार्जुन बलदंडी ने बृहस्पतिवार को ‘पीटीआई-’ को बताया, "नागमंगला शहर में स्थिति अब सामान्य हो गई है। लोग अपने दैनिक कार्य कर रहे हैं। दुकानें खुली हैं। हमने कर्नाटक राज्य रिजर्व पुलिस के अतिरिक्त बलों के साथ-साथ सादी वर्दी में अन्य पुलिस अधिकारियों को भी तैनात किया है।"

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