देहरादून/तिरुवनंतपुरम/जयपुर, 27 अगस्त कई अन्य राज्यों समेत उत्तराखंड, केरल और राजस्थान ने भी माल एवं सेवा कर (जीएसटी) से राजस्व संग्रह में कमी को लेकर केंद्र से क्षतिपूर्ति का भुगतान करने की बृहस्पतिवार को मांग की।
उत्तराखंड के कृषि मंत्री सुबोध उनियाल ने जीएसटी परिषद की आभासी तरीके से आयोजित 41वीं बैठक में अपने राज्य का प्रतिनिधित्व करते हुए कहा कि नयी अप्रत्यक्ष कर व्यवस्था के कारण कर संग्रह में कमी आयी है। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस महामारी ने इस समस्या को और बढ़ा दिया है, ऐसे में केंद्र सरकार को तत्काल जीएसटी क्षतिपूर्ति का भुगतान करना चाहिये।
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केरल सरकार ने केंद्र द्वारा जीएसटी परिषद के समक्ष क्षतिपूर्ति को पूरा करने के लिये रखे गये दो विकल्पों को अस्वीकार्य करार दिया। केरल के वित्त मंत्री थॉमस इसाक ने कहा कि दोनों ही स्थिति में राज्यों को अपने हिस्से की क्षतिपूर्ति के कुछ हिस्से की कुर्बानी देनी होगी।
उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘पूरी क्षतिपूर्ति राज्यों का संवैधानिक अधिकार है।’’
राजस्थान सरकार ने केंद्र से राज्य के 6,690 करोड़ रुपये की लंबित जीएसटी क्षतिपूर्ति का भुगतान करने को कहा।
राज्य के ऊर्जा मंत्री बी डी कल्ला ने परिषद की बैठक में कहा कि राज्य की 6,690.43 करोड़ रुपये की जीएसटी क्षतिपूर्ति का बकाया है। उन्होंने इसे तत्काल जारी करने की मांग की।
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