आयोजकों की तरफ से यह बयान इसलिए आया है क्योंकि हाल में जापान में कराये गये एक सर्वे के अनुसार 77 प्रतिशत लोगों का मानना है कि उन्हें नहीं लगता कि अगले साल इन खेलों का आयोजन हो पाएगा।
जापान न्यूज नेटवर्क द्वारा करवाये गये इस सर्वे के अनुसार केवल 17 प्रतिशत प्रतिभागियों को लगता है कि कोरोना वायरस महामारी के बावजूद अगले साल तोक्यो ओलंपिक खेलों को कराया जा सकता है।
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तोक्यो ओलंपिक के प्रवक्ता मासा ताकाया ने गुरूवार को तोक्यो ओलंपिक के बारे में यह बात कही।
तोक्यो शहर की सरकार ने गुरूवार को कोरोना वायरस के एक दिन में रिकार्ड 224 संक्रमित मामले दर्ज किये जिससे अप्रैल में 204 मामलों का रिकार्ड टूट गया। हालांकि यह कई मानकों के हिसाब से काफी कम हैं लेकिन जापान की राजधानी में पिछले हफ्ते से संक्रमित लोगों की संख्या बढ़ रही है।
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जापान में कोविड-19 से अब तक 1000 लोगों की जान जा चुकी है।
ताकाया ने कहा कि जिस तरह से सर्वे कराये जाते हैं, उससे बहुत अलग तरह के संदेश मिल सकते हैं। उन्होंने कहा कि तोक्यो की एकमात्र योजना खेलों को 23 जुलाई 2021 में शुरू करने की है।
पिछले महीने जापानी न्यूज एजेंसी क्योदो और एक टीवी चैनल के सर्वे में पाया गया कि 51.7 प्रतिशत प्रतिभागियों को नहीं लगता कि अगले साल खेलों का आयोजन होना चाहिए। लेकिन 46 प्रतिशत ओलंपिक को समयानुसार होते हुए देखना चाहते हैं।
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