देश की खबरें | दशकों तक किसानों से ‘खोखले’ वादे करने वाले अब उन्हीं के कंधे पर रखकर बंदूक चला रहे हैं: मोदी

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में संसद द्वारा पारित कृषि सुधार विधेयकों को लेकर सरकार पर निशाना साधने पर विपक्षी दलों को शुक्रवार को आड़े हाथ लिया और कहा कि जिन्होंने दशकों तक किसानों के नाम पर सिर्फ नारे लगाए और ‘‘खोखले’’ वादे किए वे आज अपने ‘‘राजनीतिक स्वार्थ’’ के लिए उन्हीं के कंधे पर रखकर बंदूक चला रहे हैं।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 25 सितंबर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में संसद द्वारा पारित कृषि सुधार विधेयकों को लेकर सरकार पर निशाना साधने पर विपक्षी दलों को शुक्रवार को आड़े हाथ लिया और कहा कि जिन्होंने दशकों तक किसानों के नाम पर सिर्फ नारे लगाए और ‘‘खोखले’’ वादे किए वे आज अपने ‘‘राजनीतिक स्वार्थ’’ के लिए उन्हीं के कंधे पर रखकर बंदूक चला रहे हैं।

भारतीय जनसंघ के संस्थापक पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती के मौके पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कार्यकर्ताओं को वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से संबोधित करते हुए मोदी ने यह भी कहा कि दशकों में पहली बार केंद्र सरकार ने ऐसे कानून पारित किए हैं जो किसानों और श्रमिकों को फायदा पहुंचाएंगे।

यह भी पढ़े | IANS C-Voter Bihar Opinion Poll Survey: बिहार में 50 प्रतिशत से ज्यादा मतदाता सरकार बदलना चाहते हैं: सर्वे.

संसद में पारित कृषि सुधार से संबंधित विधेयकों को किसानों के जीवन में व्यापक बदलाव लाने वाला करार देते प्रधानमंत्री ने भाजपा कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे जमीनी स्तर पर छोटे-छोटे किसानों से मिलें और कृषि विधेयकों के फायदों से उन्हें अवगत कराएं।

उन्होंने इस अवसर पर यह भी कहा कि उनकी सरकार ने बहुत ही कम समय में पिछले चुनाव में किए गए बड़े वादों को पूरा करने का काम किया है, जिनमें जम्मू एवं कश्मीर से अनुच्छेद 370 को निरस्त किया जाना और अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण शामिल हैं।

यह भी पढ़े | IANS C-Voter Bihar Opinion Poll Survey: बिहार में लोगों की पसंद हैं प्रधानमंत्री मोदी, नीतीश कुमार का प्रभाव कम.

प्रधानमंत्री ने कृषि सुधार संबंधी विधेयकों पर विपक्ष के विरोध को राजनीतिक स्वार्थ बताते हुए आरोप लगाया कि वे (विपक्ष) अफवाहें फैलाकर किसानों को भ्रमित करने का प्रयास कर रहे हैं।

मोदी ने कहा, ‘‘बहुत ही कम समय के भीतर हमने दशकों से चले आ रहे मामलों को निपटाया है। अनेक बड़े वादों को पूरा किया है। भाजपा के कार्यकर्ता के रूप में जिस संकल्प पत्र को लेकर आप घर-घर, द्वार-द्वार गए थे, आज जब देखेंगे तो पाएंगे कि कितनी तेजी से काम किया जा रहा है।’’

उन्होंने कहा कि ‘हर घर जल’ की योजना हो या हर गांव तक तेज इंटरनेट का वादा, ये करोड़ों देशवासियों के जीवन को आसान बनाने वाले हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘इसमें अनुच्छेद 370, अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण जैसे वो वादे भी शामिल हैं जो दशकों की हमारी तपस्या के आधार रहे हैं।’’

प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘संकल्प सिद्ध करने की हमारी ताकत को बनाए रखना है।’’

मोदी ने कहा कि आजादी के बाद अनेक दशकों तक किसान और श्रमिक के नाम पर खूब नारे लगे, बड़े-बड़े घोषणा पत्र लिखे गए लेकिन समय की कसौटी ने सिद्ध कर दिया है कि वो सारी बातें कितनी खोखली थीं।

मोदी ने ये बातें ऐसे समय में कही हैं जब देश के कई हिस्सों, खासकर पंजाब और हरियाणा में किसान संगठन कृषि से संबंधित तीन विधेयकों को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। इनमें आवश्यक वस्तु (संशोधन) विधेयक, 2020, कृषक उपज व्यापार और वाणिज्य (संवर्धन और सरलीकरण) विधेयक 2020 तथा कृषक (सशक्तीकरण और संरक्षण) कीमत आश्वासन एवं कृषि सेवा पर करार विधेयक, 2020 हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘राष्ट्र हित और जनहित के बजाय सत्ता को राजनीति का हिस्सा बना लिया गया और कुछ लोगों ने किसानों और श्रमिकों के नाम पर देश में और राज्यों में अनेक बार सरकारें बना ली। लेकिन उन्हें मिला क्या? सिर्फ वादों और कानूनों का उलझा हुआ एक ऐसा जाल जिसे ना तो किसान समझ पाता था, ना ही श्रमिक भाई-बहन समझ पाते थे।’’

उन्होंने कहा कि किसानों को ऐसे कानूनों में उलझा कर रखा गया जिसके कारण वह अपनी ही उपज को अपने मन मुताबिक बेच भी नहीं सकता था।

मोदी ने कहा, ‘‘सिर्फ नारे थे, खोखले वादे थे। देश अब इन बातों को भलीभांति जानता है।’’

कांग्रेस व किसी अन्य दल का नाम लिए बगैर उन्होंने कहा कि ‘‘झूठ बोलने वाले’’ कुछ लोग इन दिनों अपने ‘‘राजनीतिक स्वार्थ’’ की वजह से किसानों के कंधे पर रखकर बंदूक चला रहे हैं, उन्हें भ्रमित कर रहे हैं और अफवाहें फैला रहे हैं।

उन्होंने पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे किसानों को ऐसी किसी भी अफवाह से बचाएं और कृषि सुधार संबंधी विधेयकों के महत्व को उन्हें समझाएं।

उन्होंने कहा, ‘‘ऐसे समय में भाजपा के हम सभी कार्यकर्ताओं का बहुत बड़ा कर्तव्य है। हमारी जिम्मेवारी है। क्योंकि हमें किसान के भविष्य को उज्ज्वल बनाना है। हम किसानों को कृषि सुधार की बारीकियों के बारे में जितना समझाएंगे उतना ही किसान जागरूक होगा और किसी प्रकार के भ्रम में नहीं पड़ेगा।’’

मोदी ने कहा कि किसानों को कर्ज लेने की मजबूरी से बाहर निकालने के लिए उनकी सरकार ने कई अहम फैसले पूरी ताकत से लिए हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘अब दशकों बाद किसान को अपनी उपज पर सही हक मिल पाया है। कृषि में जो सुधार किए गए हैं उनका सबसे ज्यादा लाभ छोटे और सीमांत किसानों को मिलेगा।’’

उन्होंने कहा कि भाजपा के नेतृत्व में राजग की सरकार ने पहले लागत का डेढ़ गुणा न्यूनतम समर्थन मूल्य तय किया, उसमें रिकॉर्ड बढोतरी की और रिकॉर्ड सरकारी खरीद भी सुनिश्चित की।

उन्होंने कहा, ‘‘बीते सालों में ये निरंतर प्रयास किया गया है कि किसान को बैंकों से सीधे जोड़ा जाए। पीएम किसान सम्मान निधि के तहत देश के 10 करोड़ से ज्यादा किसानों के बैंक खातों में कुल एक लाख करोड़ रुपए से ज्यादा ट्रांसफर किए जा चुके हैं। सरकार ने इस बात का भी प्रयास किया है कि ज्यादा से ज्यादा किसानों के पास किसान क्रेडिट कार्ड हो, उन्हें खेती के लिए आसानी से कर्ज उपलब्ध हो।’’

उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने जो काम किया है उसे भाजपा के हर कार्यकर्ता को इन कानूनों की भावना को बिल्कुल सरल में किसानों के बीच ले जाना है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\