देश की खबरें | फिल्म ‘इमरजेंसी’ का विरोध करने वाले सिखों पर अत्याचार करने वालों को बचा रहे हैं : मंत्री बिट्टू

नयी दिल्ली, 18 अक्टूबर केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने शुक्रवार को कहा कि फिल्म ‘‘इमरजेंसी’’ का विरोध करने वाले लोग सिखों के खिलाफ अत्याचार करने वालों को बचाने की कोशिश कर रहे हैं।

बिट्टू ने एक बयान में कहा कि फिल्म में सिखों के खिलाफ कुछ भी आपत्तिजनक नहीं दिखाया जाएगा और समुदाय के विद्वानों के साथ विचार-विमर्श के बाद ऐसे सभी हिस्सों को फिल्म से हटा दिया गया है।

आतंकवादियों द्वारा मारे गए पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह के पोते बिट्टू ने कहा कि फिल्म में आपत्तिजनक दृश्यों के बारे में सिख विद्वानों से परामर्श किया गया है और सेंसर बोर्ड के माध्यम से ऐसे सभी हिस्सों को फिल्म से हटा दिया गया है।

उन्होंने कहा, ‘‘फिल्म ‘इमरजेंसी’ में कुछ ऐसे दृश्य थे जो एक सिख के तौर पर मुझे आपत्तिजनक लगे और वे दृश्य सिखों और पंजाबियों को भी स्वीकार्य नहीं थे।’’

भाजपा नेता ने कहा, ‘‘सिख बुद्धिजीवी एवं नांदेड़ साहिब बोर्ड के चेयरमैन सरदार विजय सतबीर सिंह और लुधियाना के सरदार जोहल की देखरेख में फिल्म के आपत्तिजनक हिस्सों को काटा गया है। यह सुनिश्चित किया गया है कि इस फिल्म में सिख समुदाय के खिलाफ कुछ भी आपत्तिजनक नहीं दिखाया जाएगा।’’

उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘लेकिन दूसरी ओर, किसी को भी (पूर्व प्रधानमंत्री) इंदिरा गांधी के सिख विरोधी कृत्यों को दिखाने पर सवाल नहीं उठाना चाहिए।’’ उन्होंने कहा कि इंदिरा गांधी के शासनकाल में हुए सिख नरसंहार को सार्वजनिक रूप से उजागर किया जाना चाहिए।

शफीक माधव

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)