देहरादून, आठ फरवरी केंद्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह ने सोमवार को कहा कि उत्तराखंड के चमोली जिले के रेंणी क्षेत्र में आई विकराल बाढ़ में क्षतिग्रस्त एनटीपीसी की परियोजना में काम करने वाले मृतकों के आश्रितों को 20-20 लाख रुपये की आर्थिक मदद दी जाएगी।
आपदाग्रस्त क्षेत्रों का दौरा करने के बाद जौलीग्रांट हवाईअड्डे पर मीडिया से बातचीत करते हुए केंद्रीय मंत्री सिंह ने कहा कि इस आपदा में 13.2 मेगावाट ऋषिगंगा पनबिजली परियोजना पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गयी है जबकि एनटीपीसी की 480 मेगावाट तपोवन-विष्णुगाड परियोजना को भी काफी क्षति पंहुची है।
उन्होंने कहा कि नुकसान के कारणों का पता लगाने के लिए इसरो की तस्वीरों के आधार पर एनटीपीसी, टीएचडीसी और एसजेवीएनएल के पदाधिकारियों की एक टीम मौके का निरीक्षण करेगी।
इसके अलावा, सिंह ने कहा कि पर्वतीय राज्यों में सतर्कता प्रणाली उपलब्ध कराई जाएगाी ताकि हिमस्खलन आदि घटनाओं की पूर्व में जानकारी मिल सके।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मृतक आश्रितों को राज्य सरकार एवं केंद्र सरकार आर्थिक सहायता उपलब्ध कराएगी जबकि एनटीपीसी को भी मृतकों के परिजनों को 20-20 लाख रुपये देने को कहा गया है ताकि उनके परिवार आपदा से उबर सकें।
इससे पहले, तपोवन में परियोजनाओं का निरीक्षण करने के बाद सिंह ने कहा कि आपदा से तपोवन-विष्णुगाड परियोजना को लगभग 1500 करोड़ रू का नुकसान हुआ है।
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