देश की खबरें | बेंगलुरु के प्रशासन के लिए नगर निगमों की संख्या पर चर्चा के बाद निर्णय लिया जाएगा : सिद्धरमैया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने कहा कि बृहत बेंगलुरु शासन अधिनियम बृहस्पतिवार से प्रभावी हो गया है और शहर के लिए नगर निगमों की संख्या पर निर्णय आगे की चर्चा के बाद लिया जाएगा।
बेंगलुरु, 15 मई कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने कहा कि बृहत बेंगलुरु शासन अधिनियम बृहस्पतिवार से प्रभावी हो गया है और शहर के लिए नगर निगमों की संख्या पर निर्णय आगे की चर्चा के बाद लिया जाएगा।
अधिनियम में शहर पर शासन के लिए अधिकतम सात नगर निगमों के गठन का प्रावधान है। हालांकि संकेत मिले हैं कि सरकार तीन निगमों के गठन पर निर्णय ले सकती है।
सिद्धरमैया ने कहा, ‘‘बृहत बेंगलुरु शासन अधिनियम आज से लागू हो रहा है... इस पर एक विधेयक राज्य विधानमंडल के दोनों सदनों द्वारा पारित किया गया था और राज्यपाल ने इसे अपनी मंजूरी दे दी है।’’
सिद्धरमैया ने यहां पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के तौर पर वह बृहत बेंगलुरु प्राधिकरण (जीबीए) के अध्यक्ष होंगे। उन्होंने कहा, “बैठक करने के बाद हम निर्णय लेंगे कि कितने निगम बनाए जाने चाहिए।”
मुख्यमंत्री ने जब अपने अपर मुख्य सचिव एल के अतीक से पूछा कि क्या तीन निगमों का गठन किया जा रहा है, तो उन्होंने जवाब दिया, ‘‘इस पर अभी निर्णय होना बाकी है, तब तक बीबीएमपी (बृहत बेंगलुरु महानगर पालिका) अस्तित्व में रहेगी।’’
राज्य सरकार ने बुधवार को अधिसूचित किया कि बृहत बेंगलुरु शासन अधिनियम- 2024, 15 मई से लागू होगा।
इसमें हालांकि, स्पष्ट किया गया कि सभी पदाधिकारियों के पास बृहत बेंगलुरु महानगर पालिका (बीबीएमपी) अधिनियम, 2020 के तहत प्रदत्त समान शक्तियां और कर्तव्य तब तक बने रहेंगे, जब तक कि नया कानून पूरी तरह से प्रभावी नहीं हो जाता।
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