देश की खबरें | तमिलनाडु: समझौते के बाद अमेरिकी नौसेना का पहला पोत मरम्मत के लिए कट्टुपल्ली बंदरगाह पहुंचा

चेन्नई, 10 जुलाई अमेरिकी नौसेना का बचाव एवं राहत पोत साल्वर भारत और अमेरिका के बीच पिछले महीने हस्ताक्षरित मास्टर शिप रिपेयर एग्रीमेंट (एमएसआरए) के तहत मरम्मत के लिए लार्सन एंड टुब्रो (एल एंड टी) के कट्टुपल्ली जहाज निर्माण यार्ड में पहुंचा। एल एंड टी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी।

यूएसएनएस साल्वर का सोमवार को शिपयार्ड में एक समारोह के साथ स्वागत किया गया और यह एमएसआरए पर हस्ताक्षर के बाद आने वाला पहला जहाज है। एल एंड टी डिफेंस के कार्यकारी उपाध्यक्ष और प्रमुख अरुण रामचंदानी ने बताया कि पांच साल के समझौते के तहत निजी रक्षा कंपनी अमेरिकी जहाजों की मरम्मत करेगी।

मिलिट्री सीलिफ्ट कमांड का बचाव पोत यूएसएनएस साल्वर (टी-एआरएस 52) नौ जुलाई को मरम्मत कार्यों के लिए एल एंड टी कट्टुपल्ली शिपयार्ड पहुंचा। यूएसएनएस चार्ल्स ड्रू और यूएसएनएस मैथ्यू पेरी के बाद अमेरिकी नौसेना का यह तीसरा जहाज है, जो मरम्मत के लिए एल एंड टी शिपयार्ड आया है। मरम्मत और रखरखाव कार्य पूरा होने के बाद, जहाज एक पखवाड़े के बाद अपनी यात्रा शुरू करेगा।

चेन्नई में अमेरिकी महावाणिज्यदूत जूडिथ रविन, अमेरिकी दूतावास नयी दिल्ली के रक्षा सहयोग कार्यालय के प्रमुख कैप्टन माइकल एल फार्मर और अमेरिकी दूतावास के वरिष्ठ अधिकारियों ने रामचंदानी और एल एंड टी नेतृत्व के अन्य अधिकारियों के साथ स्वागत समारोह में भाग लिया।

रविन ने कहा, ‘‘यह जहाज मरम्मत समझौता हमारी लगातार बढ़ती अमेरिका-भारत साझेदारी में एक और मील का पत्थर है। यह ऐतिहासिक समझौता 2022 के अमेरिका-भारत ‘टू प्लस टू’ मंत्रिस्तरीय वार्ता का प्रत्यक्ष परिणाम है और कट्टुपल्ली में एल एंड टी शिपयार्ड में नियमित आधार पर मरम्मत सुविधाओं का इस्तेमाल करने के लिए अमेरिका की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।’’

रविन ने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अमेरिका यात्रा के दौरान उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि हमारे सहयोग का दायरा अनंत है और हमारे संबंध सहज हैं।’’

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