स्वदेशी मंच ने ई-कॉमर्स कंपनियों पर गैर-जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति पर रोक के फैसले का स्वागत किया
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नयी दिल्ली, 20 अप्रैल राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसए) से जुड़े स्वदेशी जागरण मंच ने ई-कॉमर्स कंपनियों को लॉकडाउन के दौरान सिर्फ आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति करने की अनुमति देने के केंद्र के फैसले का सोमवार को स्वागत किया और कहा कि ऐसा नहीं करने से उन्हें अनुचित लाभ मिलता।

केंद्र ने ऐसी कंपनियों पर गैर-जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति करने पर रोक लगा दी है।

आरएसएस के आर्थिक संगठन ने एक बयान में कहा कि स्वदेशी जागरण मंच (एसजेएम) का मानना ​​है कि ऐसी छूट से ऑफ-लाइन खुदरा विक्रेताओं को समान अवसर नहीं मिल सकेगा। बयान के अनुसार, ‘‘यह न केवल स्थानीय खुदरा विक्रेताओं के लिए अनुचित होता बल्कि इससे विशाल ई-कॉमर्स कंपनियों को अनुचित लाभ भी होता।’’

मंच ने कहा कि स्थानीय किराना व्यापारियों ने आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति सुनिश्चित कर अनुकरणीय काम किया है, साथ ही सामाजिक दूरी और स्वच्छता बनाए रखने में भी परिपक्वता दिखाई है।

प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) की आलोचना करने वाले स्वदेशी जागरण मंच ने उन मानदंडों में संशोधन का स्वागत किया जिसके तहत चीन से निवेश के लिए अब केंद्र से मंजूरी की आवश्यकता होगी।

एसजेएम ने जूम ऐप के खिलाफ ‘‘कार्रवाई’’ का स्वागत किया और कहा कि वह टिक टॉक जैसे चीन-आधारित अन्य ऐप के खिलाफ भी इसी तरह की कार्रवाई चाहता है।

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