जरुरी जानकारी | इस्पात मंत्रालय के अधीन आने वाली कंपनियों के कामकाज की समीक्षा करेंगे सिंह
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. नौकरशाह से राजनीति में आए सिंह ने बृहस्पतिवार को इस्पात मंत्रालय में धर्मेंद्र प्रधान की जगह ली है। प्रधान अब शिक्षा और कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय संभालेंगे।
नौकरशाह से राजनीति में आए सिंह ने बृहस्पतिवार को इस्पात मंत्रालय में धर्मेंद्र प्रधान की जगह ली है। प्रधान अब शिक्षा और कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय संभालेंगे।
इस्पात मंत्रालय के अधिकारी ने कहा, ‘‘नए इस्पात मंत्री इस सप्ताह मंत्रालय के अधीन काम कर रही कंपनियों के प्रदर्शन की समीक्षा करेंगे।’’
बिहार से राज्यसभा सांसद 61 वर्षीय सिंह ने मंत्रालय का कार्यभार संभालने के बाद अपनी प्राथमिकताओं को लेकर कहा थ, ‘मैं यहां नया हूं। पहले मैं चीजों का विश्लेषण करने और सीखने की कोशिश करूंगा, जिसके बाद ही अपनी प्राथमिकताओं के बारे में बेहतर बता सकूंगा।’
उल्लेखनीय है कि इस्पात मंत्रालय के प्रशासनिक नियंत्रण में सार्वजनिक क्षेत्र की सात कंपनियां हैं। जिसमे स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) और राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड (आरआईएनएल) इस्पात का विनिर्माण करती हैं। जबकि एनएमडीसी और एमईआईएल लौह अयस्क और मैंगनीज अयस्क का खनन करती हैं।
इसके अलावा केआईओसीएल, एमइसीओेएन (मेकॉन लि.) और एमएसटीसी भी मंत्रालय के अधीन काम करती हैं। केआइ्रओसीएल सांद्र लौह अयस्क के छर्रे बनाती है जबक मेकान इंडिया अभियांत्रिकी क्षेत्र की परामर्श कंपनी है। एमएसटीसी ई-वाणिज्य संबंधी सेवाएं देती है।
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