देश की खबरें | एमसीडी स्थायी समिति का चुनाव नहीं होने से तीन 'थर्ड पार्टी' की सेवाएं बंद: सूत्र

नयी दिल्ली, तीन अप्रैल दिल्ली नगर निगम की स्थायी समिति का चुनाव नहीं होने के कारण नगर निकाय ने एक अप्रैल से तीन 'थर्ड पार्टी' की सेवाएं बंद कर दी हैं और उन्हें निर्देश दिया गया है कि वे उनके माध्यम से भर्ती किए गए 'डेटा एंट्री ऑपरेटर' और इससे जुड़े अन्य संविदा कर्मचारियों को वापस ले ले। आधिकारिक सूत्रों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

इससे पहले, भाजपा पार्षदों के एक समूह ने नगर निकाय के मुख्यालय पर विरोध प्रदर्शन किया और आरोप लगाया कि "अनुबंध श्रमिकों की सेवाएं बंद कर दी गई हैं।"

दिल्ली भाजपा ने एक बयान में कहा, "आम आदमी पार्टी (आप) नीत दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) में विपक्षी दल के एक प्रतिनिधिमंडल ने दिल्ली के महापौर के ओएसडी को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें सभी संविदा कर्मचारियों के सेवा अनुबंध के नवीनीकरण की मांग की गई।"

बयान में यह भी दावा किया गया कि निगम ने डीबीसी (डेंगू ब्रीडिंग चेकिंग) कर्मियों की सेवाएं भी बंद कर दी हैं।

हालांकि, एक वरिष्ठ अधिकारी से जब इस दावे के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, "जहां तक ​​मुझे पता है, केवल 'डेटा एंट्री ऑपरेटर' और कुछ 'माली' इससे प्रभावित होंगे।"

एक आधिकारिक स्त्रोत ने बताया, "एमसीडी के साथ जुड़ी स्थायी समिति 'थर्ड पार्टी' की सेवाओं के अनुबंध का विस्तार करने के लिए अधिकृत है। चूंकि, दिल्ली नगर निगम की स्थायी समिति का चुनाव होना बाकी है। इसलिए तीन 'थर्ड पार्टी' की सेवाओं को अधिकारियों द्वारा बंद कर दिया गया है। यह एक अप्रैल से प्रभावी होगा।

उन्होंने बताया कि अधिकारियों ने इस संबंध में 31 मार्च को भी आदेश जारी किया था।

सूत्रों के मुताबिक, 'थर्ड पार्टी' सेवा बंद होने से करीब 7,000 कर्मचारी प्रभावित होंगे।

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