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जरुरी जानकारी | अंतिम दौर की बिकवाली से सेंसेक्स 49 अंक टूटा, साप्ताहिक आधार पर बढ़त में

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. घरेलू शेयर बाजारों में शुक्रवार को उतार-चढ़ाव के बीच हुए कारोबार के अंतिम घंटे में तेज बिकवाली होने से मानक सूचकांक बीएसई सेंसेक्स 49 अंक की गिरावट के साथ बंद हुआ। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के अगले सप्ताह मौद्रिक नीति समीक्षा से पहले बाजार में धारणा कमजोर रही।

जरुरी जानकारी | अंतिम दौर की बिकवाली से सेंसेक्स 49 अंक टूटा, साप्ताहिक आधार पर बढ़त में

मुंबई, तीन जून घरेलू शेयर बाजारों में शुक्रवार को उतार-चढ़ाव के बीच हुए कारोबार के अंतिम घंटे में तेज बिकवाली होने से मानक सूचकांक बीएसई सेंसेक्स 49 अंक की गिरावट के साथ बंद हुआ। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के अगले सप्ताह मौद्रिक नीति समीक्षा से पहले बाजार में धारणा कमजोर रही।

कारोबारियों के अनुसार डॉलर के मुकाबले रुपये के मूल्य में गिरावट और विदेशी संस्थागत निवेशकों की पूंजी निकासी से भी बाजार पर प्रतिकूल असर पड़ा।

तीस शेयरों पर आधारित सेंसेक्स कारोबार के दौरान 600 अंक से अधिक चढ़ने के साथ अचानक से बिकवाली के दबाव में आ गया। और अंत में 48.88 अंक यानी 0.09 प्रतिशत की गिरावट के साथ 55,769.23 अंक पर बंद हुआ।

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी अपनी बढ़त को बरकरार नहीं रख पाया और 43.70 अंक यानी 0.26 प्रतिशत गिरावट के साथ 16,584.30 अंक पर बंद हुआ।

सेंसेक्स के शेयरों में अल्ट्राटेक सीमेंट सर्वाधिक 5.49 प्रतिशत नुकसान में रहा। इसके अलावा, मारुति, एनटीपीसी, बजाज फिनसर्व, इंडसइंड बैंक, एक्सिस बैंक और महिंद्रा एंड महिंद्रा बैंक भी प्रमुख रूप से नुकसान में रहे।

इसके उलट, सूचकांक में मजबूत हिस्सेदारी रखने वाला रिलायंस इंडस्ट्रीज का शेयर लगातार दूसरे दिन सर्वाधिक लाभ में रहा। इसमें 2.02 प्रतिशत का उछाल आया। इसके अलावा इन्फोसिस, लार्सन एंड टूब्रो, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, सन फार्मा, विप्रो, टीसीएस और हिंदुस्तान यूनिलीवर लि. के शेयर भी बढ़त में रहे।

जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘‘कारोबार के अंतिम घंटे में बिकवाली यह संकेत देता है कि घरेलू बाजार में भरोसे का अभाव है। वहीं वैश्विक बाजारों में निवेशक अमेरिका में रोजगार के आंकड़े जारी होने का इंतजार कर रहे हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘भारतीय रिजर्व बैंक नीतिगत दर में 0.25 प्रतिशत से 0.35 प्रतिशत वृद्धि कर सकता है। जबकि अमेरिकी फेडरल रिजर्व की तरफ से ब्याज दर में 0.50 प्रतिशत वृद्धि किये जाने की संभावना है। लेकिन परिदृश्य और मुद्रास्फीति बाजार प्रवृत्ति को निर्धारित करेगी। अगर केंद्रीय बैंक मौद्रिक नीति कड़ी करता है तो बाजार मंदड़ियों के पक्ष में जा सकता है।’’

साप्ताहिक आधार पर सेंसेक्स 884.57 अंक यानी 1.61 प्रतिशत जबकि निफ्टी 231.85 अंक यानी 1.41 प्रतिशत लाभ में रहे।

एमके वेल्थ मैनेजमेंट के शोध प्रमुख जोसेफ थॉमस ने कहा, ‘‘स्थानीय बाजार को आरबीआई की अगले सप्ताह होने वाली मौद्रिक नीति समीक्षा का इंतजार है। वहीं फेडरल ओपन मार्केट कमेटी की बैठक जून मध्य में होगी। नीतिगत दर में वृद्धि के साथ नकदी कम करने के उपाय किये जाने की आशंका है। इससे आर्थिक वृद्धि पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है, जहां पहले से उच्च मुद्रास्फीति के कारण नरमी है। इससे खपत पर होने वाले खर्च पर भी असर पड़ रहा है।’’

एशिया के अन्य बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी और जापान का निक्की लाभ में रहे। चीन के बाजार अवकाश के कारण बंद थे।

यूरोप के ज्यादातर प्रमुख बाजारों में दोपहर कारोबार में तेजी का रुख था।

इस बीच, अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.66 प्रतिशत घटकर 116.8 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया।

शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार विदेशी संस्थागत निवेशकों ने बृहस्पतिवार को 451.82 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर बेचे।

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(The above story first appeared on LatestLY on Jun 03, 2022 06:09 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).