बेंगलुरु, 19 अक्टूबर सेवानिवृत्त एयर मार्शल पी वी अय्यर ने 92 वर्ष की आयु में किताब लिखकर इस बारे में अपने अनुभव साझा किये हैं कि लोग किस तरह किसी भी उम्र में तंदुरुस्ती को अपनी रोजाना की गतिविधियों का हिस्सा बना सकते हैं।
उनकी किताब ‘फिट एट ऐनी ज: ए प्रैक्टिशनर्स गाइड’ में निजी अनुभवों, विज्ञान आधारित तर्कों और सामान्य सलाहों के साथ प्रेरणादायी तरीके से बताया गया है कि आपकी आयु कितनी भी हो, आप कुछ भी हासिल कर सकते हैं।
एयर मार्शल अय्यर को जब 47 साल की उम्र में भारतीय वायु सेना की नई नीति का सामना करना पड़ा, जिसमें पदोन्नति का पात्र होने के लिए न्यूनतम आयु-केंद्रित शारीरिक फिटनेस की मांग की गई थी, तो उन्होंने परीक्षा पास करने की तैयारी की।
अपने प्रशिक्षण के दौरान उन्होंने महसूस किया कि कोई भी किसी भी उम्र में और कैसी भी जीवनशैली के साथ तंदुरुस्त हो सकता है और नयी चीजें सीखने की कोई उम्र नहीं होती।
एयर मार्शल अय्यर 12,000 किलोमीटर से ज्यादा दौड़ चुके हैं। इसमें 42 किलोमीटर की अनेक मैराथन दौड़ और आगरा से दिल्ली की 240 किलोमीटर की अल्ट्रा मैराथन शामिल है।
वह आज भी हर दिन आठ किलोमीटर दौड़ते हैं और एक सप्ताह में पांच दिन जिम में कसरत करते हैं।
पुस्तक का प्रकाशन ब्लूम्सबरी इंडिया ने किया है जिसका विमोचन कल शाम एयर मार्शल मानवेंद्र सिंह ने किया।
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