जरुरी जानकारी | रिलायंस इंडस्ट्रीज ने आठ सप्ताह में दुनियाभर के बड़े निवेशकों से 1.04 लाख करोड़ रुपये जुटाए

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. तेल से लेकर दूरसंचार क्षेत्र में कारोबार करने वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज ने पिछले करीब आठ सप्ताह में बड़े और चर्चित निवेशकों को अपनी डिजिटल इकाई जियो प्लेटफार्म्स की अल्पांश हिस्सेदारी बेचकर रिकॉर्ड 1.04 लाख करोड़ रुपये की राशि जुटाई है।

नयी दिल्ली, 14 जून तेल से लेकर दूरसंचार क्षेत्र में कारोबार करने वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज ने पिछले करीब आठ सप्ताह में बड़े और चर्चित निवेशकों को अपनी डिजिटल इकाई जियो प्लेटफार्म्स की अल्पांश हिस्सेदारी बेचकर रिकॉर्ड 1.04 लाख करोड़ रुपये की राशि जुटाई है।

कंपनी ने शनिवार को जियो प्लेटफार्म्स में 0.93 प्रतिशत हिस्सेदारी वैश्विक निवेश फर्म टीपीजी को 4,546.80 करोड़ रुपये में बेचने की घोषणा की। इसके साथ ही कंपनी ने इसी दिन जियो की 0.39 प्रतिशत हिस्सेदारी निजी इक्विटी कंपनी एल कैटरटन को 1,894.50 करोड़ रुपये में बेची है।

यह भी पढ़े | RSMSSB Recruitment 2020: लैब टेक्निशियन और असिस्टेंट रेडियोग्राफर के 2,177 पदों पर भर्ती, 18 जून से करें अप्लाई.

कंपनी ने बयान में कहा कि इसके साथ वह अब तक फेसबुक सहित विभिन्न निवेशकों को जियो की 22.38 प्रतिशत हिस्सेदारी बेचकर 1,04,326.95 करोड़ रुपये जुटा चुकी है।

जियो प्लेटफार्म्स में कंपनी की दूरसंचार इकाई रिलायंस जियो इन्फोकॉम और उसकी म्यूजिक और वीडियो स्ट्रीमिंग एप्स शामिल हैं। इससे जियो प्लेटफार्म्स का मूल्यांकन 5.16 लाख करोड़ रुपये बैठता है।

यह भी पढ़े | FACT CHECK: Sir Ganga Ram Hospital के नाम से वायरल हो रहे पर्चे में कोरोना से निपटने के लिए इन दवाओं के इस्तेमाल की दी गई सलाह, अस्पताल ने बताया फर्जी.

सबसे पहले फेसबुक ने 22 अप्रैल को जियो में 43,573.62 करोड़ रुपये का निवेश करने की घोषणा की थी। उसके बाद से जियो को लगातार निवेश मिल रहा है। फेसबुक के अलावा रिलायंस दुनिया के कई अन्य बड़े निवेशकों को जियो में ऐसे समय निवेश के लिए आकर्षित करने में सफल रही है जबकि कोरोना वायरस महामारी की वजह से वैश्विक अर्थव्यवस्था एक तरह से मंदी से घिरी हुई है।

अब फेसबुक सहित नौ बड़े या चर्चित निवेशकों के पास सामूहिक रूप से जियो प्लेटफार्म्स में 22.38 प्रतिशत हिस्सेदारी है। सबसे अधिक 9.99 प्रतिशत की हिस्सेदारी फेसबुक के पास है।

फेसबुक के बाद चार मई को दुनिया की सबसे बड़ी प्रौद्योगिकी निवेशक सिल्वर लेक ने जियो मंच में 1.15 प्रतिशत हिस्सेदारी 5,665.75 करोड़ रुपये में खरीदी। इसके बाद सिल्वर लेक ने पांच जून को 4,546.80 करोड़ रुपये में जियो की अतिरिक्त 0.93 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदने की घोषणा। अब उसके पास जियो की 2.08 प्रतिशत हिस्सेदारी है।

निजी इक्विटी कंपी केकेआर ने 22 मई को जियो में 2.32 प्रतिशत हिस्सेदारी 11,367 करोड़ रुपये में हासिल की। विस्टा इक्वटी पार्टनर्स ने आठ मई को इसमें 2.32 प्रतिशत हिस्सेदारी 11,367 करोड़ रुपये में खरीदी थी।

अबू धाबी के सॉवरेन संपदा कोष मुबाडला इन्वेस्टमेंट कंपनी ने पांच जून को जियो प्लेटफार्म्स में 1.85 प्रतिशत हिस्सेदारी 9,093.60 करोड़ रुपये में हासिल की। अबू धाबी इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी (एडीआईए) ने सात जून को जियो में 5,683.50 करोड़ रुपये का निवेश कर 1.16 प्रतिशत हिस्सेदारी हासिल की। 17 मई को वैश्विक इक्विटी फर्म जनरल अटलांटिक ने 1.34 प्रतिशत हिस्सेदारी का अधिग्रहण 6,598.38 करोड़ रुपये में करने की घोषणा की।

ग्राहकों की संख्या के लिहाज से रिलायंस जियो देश की सबसे बड़ी दूरसंचार कंपनी है। कंपनी के ग्राहकों की संख्या 38.8 करोड़ है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\